जांजगीर-चाम्पा। बुधवार को बिलासपुर आईजी आफिस के भीतर मालखरौदा थाना क्षेत्र के ग्राम छोटे रबेली के छतराम काठले ने जहर पी लिया। उसे गंभीर हालत में सिम्स में भर्ती कराया गया है।
उसका आरोप है कि गांव के सरपंच ने उसके साथ मारपीट की है तथा मालखरौदा पुलिस ने उसकी शिकायत नहीं लिखी। ग्राम छोटे रबेली निवासी छतराम काठले पिता पलटन 33 वर्ष बुधवार दोपहर करीब दो बजे अपने छोटे भाई लोकनाथ के साथ बिलासपुर आईजी आफिस पहुंचा। आईजी रतनलाल डांगी बाहर थे। छतराम वहां एएसपी दीपमाला कश्यप के पास गया और अपने गांव के सरपंच द्वारिका प्रसाद व मालखरौदा पुलिस के खिलाफ लिखित में शिकायत दिया। साथ ही मौखिक रूप से बताया कि उसके गांव के सरपंच ने उसके साथ मारपीट की थी। उसकी पत्नी के साथ भी उसने दुर्व्यवहार किया पर जब वह शिकायत लेकर मालखरौदा थाने गया तो पुलिस ने उसकी एफआईआर दर्ज नहीं की। उससे पैसे की मांग की गई। पैसा नहीं देने पर सरपंच की ओर से उल्टा उसके खिलाफ ही लूट व मारपीट की धाराओं के तहत जुर्म दर्ज करा दिया गया। इसके बाद उसने जेब से कीटनाशक की शीशी निकाल कर वहीं पर पी लिया। मौजूद पुलिस अधिकारी-कर्मचरियों ने देखा तो हडक़ंप मच गया। उन्होंने बाहर खड़े उसके छोटे भाई लोकनाथ को जानकारी दी और छतराम को सिम्स लाकर भर्ती कराया। यहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। एएसपी दीपमाला कश्यप के अनुसार छतराम ने आकर उन्हें शिकायत की कापी दी और अचानक उसी समय जेब से कोई जहरीला पदार्थ निकालकर पी लिया। उसे तत्काल सिम्स में भर्ती कराया गया है। एएसपी सिटी उमेश कश्यप ने कहा है कि छतराम के खिलाफ जांजगीर चांपा जिले के मालखरौदा थाने में लूट व मारपीट का मामला दर्ज है। उसका बयान दर्ज कर लिया गया है। इस संबंध में जांजगीर-चांपा जिले एएसपी संजय महादेवा ने कहा उसकी शिकायत की जांच की गई। उसने जिन गवाहों के नाम बताए थे उनका बयान लिया गया पर वे मुकर गए। एएसपी के अनुसार छतराम के खिलाफ जिले के विभिन्न थानों में करीब 10 केस दर्ज हैं। गिरफ्तारी से बचने के लिए ऐसा किया है।