जांजगीर। शहर के मध्य संचालित गिरजा होटल के पास की नाली को टूटे आज 6माह होने जा रहा है लेकिन नगर पालिका प्रशासन द्वारा इसे बनाने मे जरा भी रूचि नही लिया जा रहा है शायद पालिका किसी बड़े दुर्घटना के इंतजार मे है जिसके बाद ही इसे बनायेगी।
जांजगीर के कचहरी चौक के कुछ ही दूरी पर नगर पालिका काम्पलेक्स मे गिरजाशंकर यादव का होटल संचालित है इस होटल मे प्रत्येक दिन हजारों की संख्या मे यहां जलपान करने लोग आते है विशेषकर कचहरी के पास का होटल होने के कारण यहां ग्रामीण जनता अधिक संख्या मे आती है। इस होटल के पास से नगर पालिका नाली की नाली गुजरी है जो पूरी तरह गंदगी होने के साथ साथ टूटी हुई है । इसमे लगे छड़ निकलकर बाहर हो गये है इस नाली मे इंसानो के साथ-साथ जानवरों के गिरने का डर बना हुआ है। लेकिन नगर पालिका के निर्वाचित जन प्रतिनिधि इस ओर ध्यान नही दे रहे है। इस नाली मे पुलिया का निर्माण नगर के ही एक ठेकेदार ने किया है जिनके गुणवत्ता विहिन कार्य के कारण ही यह नाली समय से पहले ही टूट गयी है वहीं फर्जी तरीके से सब इंजीनियर उक्त कार्य का मुल्यांकन कर अपना और ठेकेदार का हित साध लिए है। यह नाली व पुलिया निर्माण के 15 दिवस के भीतर ही टूट गया है लेकिन अधिकारियों की मिलीभगत के कारण उक्त ठेकेदार पर कार्रवाई नही हुई । स्थिति यह है कि गिरजा होटल के पास की नाली के टूटने से व पुल के समय से पहले खराब होने से आज लोगों क ा जान जाने का डर बना हुआ है । नगर पालिका जांजगीर नैला मे चुनाव हुए दो माह से अधिक हो गया है लेकिन इस ओर न तो पार्षद ध्यान दे रहे है और न ही अध्यक्ष की रूचि इसे बनाने मे है। नतिजा यह है कि इस गढ्ढे मे किसी की जान जा सकती है । जिसके लिए ध्यान दिया जाना जरूरी है। जरा सोचने वाली बात यह है कि शहर के बीचो-बीच स्थित इस जानलेवा नाली को बनाने मे पालिका प्रशासन कोताही बरत रही है तो अन्य जगह की समस्या के समाधान मे इसकी क्या स्थिति रहती होगी यह सोचने का विषय है ।