कोरबा। पिछले 12 घण्टे से करतला विकासखण्ड के तुमान फीडर के दर्जनों गांव अंधेरे में डूबे हुए हैं ।रात 10 बजे से बिजली गुल है। ग्रामीणों ने रातभर रतजगा की। आए दिन अघोषित बिजली कटौती से आक्रोशित क्षेत्र के सरपंचों ने ग्रामीणों के साथ शीघ्र लचर विद्युत व्यवस्था दुरुस्त नहीं होने पर विद्युत वितरण केंद्र के घेराव की चेतावनी दी है।
सरप्लस बिजली के नाम पर इतराने वाली छत्तीसगढ़ सरकार भाजपा के प्रदेशव्यापी प्रदर्शन के बाद भी राज्य में लचर विद्युत व्यवस्था को दुरुस्त नहीं कर पा रही है। पिछले 12 घण्टे से करतला विकासखण्ड के तुमान फीडर के दर्जनों गांव तुमान ,ढोंढातराई ,सलिहाभांठा,सुपातराई ,लबेद ,चिकनीपाली ,पकरिया ,गांडापाली ,लीमडीह,नवापारा ,बंधवाभांठा ,सराईडीह अंधेरे में डूबे हुए हैं ।रात 10 बजे से बिजली गुल है। ग्रामीणों ने रातभर रतजगा की। आए दिन अघोषित बिजली कटौती से आक्रोशित क्षेत्र के सरपंचों ने ग्रामीणों के साथ शीघ्र लचर विद्युत व्यवस्था दुरुस्त नहीं होने पर विद्युत वितरण केंद्र के घेराव की चेतावनी दी है। सरपंचों ने कहा है कि विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी बहुत ही गैर जिम्मेदार है। क्षेत्र की लचर विद्युत व्यवस्था को दुरुस्त करने में फैल रहने वाले अफसर कॉल रिसीव करना तक मुनासिब नहीं समझते। बिजली गुल रहने बिजली पर संचालित समस्त व्यवसायिक गतिविधियां भी प्रभावित हो रही है। बिजली गुल होने से लोगों की सेहत खराब हो रही है। अगर शीघ्र विद्युत व्यवस्था ठीक नहीं हुई तो सभी कलेक्टोरेट कूच करेंगे। विद्युत वितरण केंद्र का घेराव करेंगे।वहीं पूरे प्रकरण में बरपाली जेई जी एस कंवर झूठ बोल रहे हैं। उनका कहना है कि फाल्ट आया है जल्द सुधार लिया जाएगा। उन्होंने लाईट गुल होने सम्बन्धी ग्रामीणों की शिकायतों को ही नकार दिया। जेई के रटे रटाए जवाब व कार्यशैली से ग्रामीण खासे नाराज हैं। गौरतलब हो यह पूरा क्षेत्र पूर्व गृहमंत्री व रामपुर विधायक ननकीराम कंवर का गृह ग्राम क्षेत्र है। बावजूद अधिकारियों की असंवेदनशीलता एक बार फिर ग्रामीणों को बड़े विरोध प्रदर्शन के लिए विवश कर रहा है।