कार्यवाही नहीं होने पर शासन को आंदोलन की चेतावनी

जांजगीर-चाम्पा। अखिलभारतीय विद्यार्थी परिषद ने शासकीय व निजी विद्यालय में कीजा रही मनमानी पर शिकायत कर जल्द-से-जल्द कार्यवाई करने कि मांग के लिये ज्ञापन कलेक्टर व डीओ को सौंपा हैं। साथ ही कार्यवाई नहीं होने पर शासन को आंदोलन की चेतावनी भी दी हैं। इससे लेकर विद्यार्थी परिषद ने पहले भी कई विज्ञापन सौंपे थे। लेकिन जिला प्रशासन का रवैया बहुत शिथिल हैं आज तक कोई कार्यवाई नहीं की गयी हैं। जिसके कारण विद्यालय प्रबंधक का मनोबल बढ़ा हुआ हैं।
ज्ञात हो कि इस समय पूरी दूनियां कोरोना वायरस वैश्विक महामारी से जूझ रहा हैं। पूरे देश में तथा जिले में अनेक बार लाकडॉउन हुयें हैं। कोरोना जैसी महामारी के कारण कई घरों में अनाज खरीदना भी मुश्किल हो गया हैं, तो कई लोगों की रोजी-रोटी भी बंद हो गयी हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा हैं। इस सभी परेशानियों को ध्यान में रखतें हुये माननीय हाईकोर्ट ने आदेश दिया था जिसमें प्रवेश के लिये कोई शुल्क नहीं लेने की बात कही गयी थी। परन्तु अभी भी ऐसे कई स्कूल हैं, जहाँ पैसे लिये जा चुके हैं और मांगने पर वापस भी नहीं किया जा रहा हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में जानकारी का अभाव होता हैं जिसके कारण लिखित रूप में कोई शिकायत नहीं कर पाता हैं। अमर महंत ने बताया कि हमें अनेक पालको से शिकायत मिलती हैं, जिसके कारण हम जिला शिक्षा अधिकारी और कलेक्टर को सूचित किया हैं। परन्तु अभी भी कोई कार्यवाई नहीं किया जा रहा हैं। जिसके कारण स्कूल प्रशासकों का मनोबल बढ़ा हुआ हैं। इसी प्रकार प्राईवेट स्कूलों में वर्चूअल क्लासेस के नाम पर भारी भरकम फीस वसुला जा रहा हैं। जब की इस बार साफ कर दिया गया था कि इस बार फीस में किसी प्रकार की कोई वृद्धी नहीं किया जायेंगा। इसके बाद भी 40-45 प्रतिशत फीस वृद्ध पैसे लिये गये हैं। जब की कम्प्यूटर क्लास, लाईब्रेरी, तैराकी, नृत्य व संगीत, खेलकूद स्कूल संचालन के लिये आवश्यक सुविधायें, साफ सफाई, नल-जल आदि किसी भी प्रकार सुविधाओं का इस वर्ष उपभोग नहीं हो रहा। इन पर भी बहुुत सारी शिकायतें आईं हैं। साथ ही पालकों ने भी स्कूल प्रशासन जिला शिक्षा अधिकारी व कलेक्टर को इस विषय में अवगत कराया। लेकिन किसी भी समस्या का समाधान अभी तक नहीं हुआ। जिसके कारण पालकगण दर-दर भटकनें पर मजबूर हो रहें हैं। साथ ही पैसे नहीं दिये जाने पर एडमिट कार्ड नहीं देने का दबाव भी दिया जा रहा हैं। जल्द-से-जल्द कार्यवाई करने की बात कही हैं। ७ दिनों के अंदर कार्यवाही नही होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी गयी हैं। ज्ञापन देने प्रदेश के कार्यकारणीय सदस्य हेमंत पैगवार, नगर मंत्री नरेंद्र कश्यप, आशुतोष सोनी, व अमित आनंत, अजय देवांगन, प्रशांत गोस्वामी, आयुष सिंह, प्रदीप राठौर, आकाश यादव, ललित, छत्रपाल, विजय, छबीमाली, रितेश महाराणा आदि कार्यकर्ता गण उपश्थित थें।
एक कमेटी बनाकर पालक को भी करें शामिल
विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक मनोबल सिंह जाहिरें का मत हैं कि प्रवेश शुल्क वापस करने के लिये जल्द नोटिस देकर पैसा वसूला जाये। दूसरा वर्चूअल क्लासेस के लिये फ ीस में वृद्धी न की जाये तथा पालकों के साथ चर्चा करके उचित फ ीस सूनिश्चित किया जाये। साथ ही एक कमेटी बनायी जाये जिसमें पालकगण और विद्यार्थी परिषद के प्रतिनिधि सम्मिलित होकर बैठक में शिकायतों पर चर्चा कर सकें। जिसमें निराकरण के उचित उपाय किया जा सकें।