प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राजधानी दिल्ली के एम्स अस्पताल में कोरोना वायरस वैक्सीन की पहली डोज लगवाई है.
पुदुच्चेरी की रहने वाली सिस्टर पी निवेदा ने मोदी को ये डोज़ दी. पीएम ने असमी गमछा पहना हुआ था और बिना किसी सुरक्षा के वे एम्स पहुंचे थे.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राजधानी दिल्ली के एम्स अस्पताल में कोरोना वायरस वैक्सीन की पहली डोज लगवाई है. पीएम मोदी सुबह करीब 6 बजे एम्स पहुंचे और वहां कोरोना वैक्सीन की पहली डोज लगवाई. देशभर में कोरोना वायरस टीकाकरण का दूसरा चरण आज से शुरू हो रहा है. इस चरण में 60 साल से ज्यादा उम्र के लोगों और किसी भी बीमारी से पीड़ित 45 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को वैक्सीन लगाई जाएगी.

मोदी ने सुबह 6.25 मिनट पर लगवाई वैक्सीन

दिल्ली के एम्स अस्पताल में पीएम मोदी ने भारत बायोटेक की Co Vaxin की पहली डोज़ सुबह 6.25 मिनट पर लगवाई. इस दौरान वह 35 मिनट तक डॉक्टर निगरानी में रहे और ठीक सात बजे एम्स से अपने आवास 7 लोक कल्याण मार्ग के लिए रवाना हो गए. पुदुच्चेरी की रहने वाली सिस्टर पी निवेदा ने उन्हें ये डोज़ दी. पीएम ने असमी गमछा पहना हुआ था और बिना किसी सुरक्षा के एम्स पहुंचे थे. पीएम मोदी को दूसरी डोज़ 28 दिन बाद लगाई जाएगी.

साथ मिलकर भारत को कोरोना मुक्त बनाएं- मोदी

वैक्सीन लगवाने के बाद पीएम मोदी ने कहा, ”कोरोना वायरस के खिलाफ वैश्विक लड़ाई को मजबूती देने में जिस तेज़ी से हमारे डॉक्टरों और वैज्ञानिकों ने काम किया है वो उल्लेखनीय है. जो लोग वैक्सीन लेने योग्य हैं, मैं उन सभी से वैक्सीन लगवाने की अपील करता हूं. साथ मिलकर भारत को कोरोना मुक्त बनाते हैं.”

वैक्सीन न लगवाने को लेकर विपक्ष ने उठाए थे सवाल

बता दें कि देश में कोरोना टीकाकरण का पहला चरण शुरू होने से पहले कांग्रेस समेत तमाम विपक्षी पार्टियों ने पीएम मोदी पर वैक्सीन न लगवाने को लेकर सवाल उठाए थे. विपक्ष का कहना था कि पीएम मोदी और उनके मंत्री कोरोना वैक्सीन नहीं लगवा रहे, जबकि कई देशों को प्रमुखों ने जनता में भरोसा जगाने के लिए सबसे पहले खुद को वैक्सीन लगवाई थी. विपक्ष ने सरकार से पूछा था कि आखिर केंद्र के मंत्री वैक्सीन लगवाने से क्यों डर रहे हैं?