सक्ती। जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत असौंदा में बना गोठान अधूरा पड़ा है। इसमें करीब 6 लाख 70 हजार रूपये पिछले कार्यकाल में खर्च कर दिये गये। मगर अब तक यह अधूरा पड़ा हुआ है।
इस गोठान में सबसे अचंभित करने वाली बात यह है कि यहां की न तो भूमि को समतल किया गया है और ना ही गुणवत्तापूर्ण कार्य कराया गया है। फिर भी लगातार जनपद सीईओ नवनिर्वाचित सरपंच पर चौदहवें वित्त आयोग की राशि खर्च कर कार्य को पूर्ण कराने का दबाव बना रहे हैं। लेकिन सरपंच इस मद से इसमें राशि खर्च करने के लिए तैयार नहीं हैं उनका कहना है पिछले कार्यकाल में पौने सात लाख रूपये खर्च कर देने के बाद भी यह गोठान उपयोग करने लायक नहीं है। उसे कागजों में पूर्ण बताने के लिए पुन: पैसे खर्च करना बुद्घिमानी नहीं है मगर लगातार जनपद पंचायत सीईओ दबाव बना रहे हैं कि गोठान के काम को 14 वें वित्त के पैसे से पूर्ण करें। मगर सरपंच बेवजह इसमें खर्च करने के लिए राजी नहीं हैं। सरपंच का कहना है कि गोठान के लिए यदि अलग से कोई फण्ड आयेगा तो वे इसका निर्माण करने के लिए तैयार हैं। गौरतलब है कि गोठान निर्माण प्रदेश सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है मगर अधिकारियों की सही मॉनिटरिंग के अभाव में यह योजना दम तोडऩे लगी है। कहीं अधूरा निर्माण हुआ है और लाखों रूपये वारे न्यारे कर दिये गये हैं तो कहीं औपचारिकता निभाने की तैयारी हो रही है।