
कोरबा। कोरबा अंचल का पोड़ीबहार स्थित मुक्तिधाम अब कई समस्याओं से मुक्त हो गया है। कोरबा शहर के कुछ युवाओ ने पोड़ीबहार स्थित मुक्तिधाम की पूरी दशा ही बदल दी हैं। एक समय जहां दाह-संस्कार करने पहुंचने वाले लोगो को बैठने की उचित जगह तक नहीं मिलती थी, यत्र-तत्र गंदगी पसरी रहती थी, वही आज हरियाली छाई हुई है। अब पोड़ीबहार स्थित मुक्तिधाम एक उद्यान का रूप ले चुका है। साथ ही कुछ युवाओं ने दाह-संस्कार के लिए समुचित व्यवस्था करते हुए उचित दाम पर मुक्तिधाम में ही लकड़ी और गोबर के बने कंडे की भी व्यवस्था की है। बताया जा रहा हैं की 1 अगस्त को नगर के एक प्रतिष्ठित व्यवसाई की माता का निधन हो गया था, जिनका दाह-संस्कार करने लोग पोड़ी बाहर स्थित मुक्तिधाम पहुंचे। मुक्तिधाम की दुर्दशा को देखकर कुछ युवाओं ने बदहाल पड़े मुक्तिधाम की दशा सुधारने का बीड़ा उठा लिया। सभी ने मिल-जुलकर आर्थिक सहयोग के साथ श्रमदान किया। युवाओं ने पोड़ीबहार मुक्तिधाम सेवा समिति के नाम से एक समिति का गठन किया और निहारिका क्षेत्र के व्यापारियों से सहयोग की बात कही। देखते-देखते इस सेवा कार्य के लिए शहर के लोग सामने आए।सेवा समिति के द्वारा दाह-संस्कार के लिए भी उचित व्यवस्था की गयी है। जहां मुक्तिधाम में ही लोगों को गोबर के कंडे और लकड़ी उपलब्ध कराई जा रही हैं। सेवा समिति ने प्रयास किया हैं कि शोकाकुल परिवार को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी न उठानी पड़े। जिसको देखते हुए 3100 में लकड़ी और 2500 में गोबर के कंडे दाह-संस्कार के लिए उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। पोड़ीबहार मुक्तिधाम सेवा समिति के सदस्य दिव्यानंद अग्रवाल, सुनील जैन, राजेश बंसवालिया, पिंटू अग्रवाल, संतोष सिंह, जयंत अग्रवाल मुक्तिधाम के व्यवस्था प्रभारी है। इनकी देख-रेख में ही सभी कार्य करवाए जा रहे हैं।
























