जांजगीर-चांपा। जिले के अकलतरा और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के निरीक्षण पर पहुंचे मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को आज काफी खरी-खोटी सुननी पड़ी। एआईसीसी मेंबर मंजू सिंह कलेक्टर के सामने स्वास्थ्य विभाग की वास्तविकता छुपाने और शासन को बरगलाने का आरोप लगाते हुए उनपर जमकर गुस्सा उतारा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी पर फोन नहीं उठाने का भी आरोप बार-बार लगता रहा।
दरअसल आज जिले के कलेक्टर यशवंत कुमार और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ एस आर बंजारे स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लेने निकले थे इस दौरान अकलतरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एआईसीसी मेंबर मंजू सिंह भी पहुंची जिस दौरान उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को अव्यवस्था के लिए जिम्मेदार ठहराया और जमकर नाराजगी जाहिर की। मंजू सिंह ने साफ लफ्जो मे कहा कि आप शासन स्तर के वर्चुअल मीटिंग के दौरान जिले में सभी संसाधनों के मौजूद होने की जानकारी देते हैं मगर स्टाफ और फील्ड वर्करों को कमी का हवाला देकर उनके हाथ बांधे रखते हैं। कोरोना के दवाई की कमी हो या कोविड-19 टेस्ट किट की कमी हर बार जनता और जनप्रतिनिधियों को कमी होने की सफाई दी जाती है वही जब बारी शासन स्तर पर जानकारी देने की आती है तो सबकुछ ठीक होना बताया जाता है, मंजू सिंह ने कहा ये शासन और जनता के साथ छल है। अब शासन और जनता के बीच गहरी खाई खोद रहे हैं इस संबंध में एआईसीसी मेंबर मंजू सिंह ने मुख्यमंत्री से शिकायत की बात भी कलेक्टर के सामने ही मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर बंजारे से कही।