जांजगीर-चांपा। सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए टीसीएल कॉलेज के सभागार में जिले में नि:स्वार्थ सेवा दे रहे एनसीसी कैडेट्स का सम्मान कैप, पानी बॉटल, नोटबुक एवं पेन से किया गया। यह सम्मान सात सीजी बटालियन के कमान अधिकारी कर्नल रजनीश मेहता, अकादमिक अधिकारी ले.कर्नल भरत क्षेत्री के हाथों प्रदान किया गया।
इस दौरान कर्नल मेहता ने कहा एनसीसी देश का सबसे बड़ा वर्दीवाला युवा संगठन है, जो विभिन्न तरत की सामाजिक सेवा और सामुदायिक विकास की गतिविधियाँ संचालित करता है। एनसीसी के कैडेट अपने संगठन की स्थापना के समय से ही बाढ़, चक्रवात और भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं के दौरान राष्ट्र सेवा में योगदान देते रहे हैं। आज देश में सबसे बड़ी आपदा कोरोना है। कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप को राकने में मदद करने के लिए छत्तीसगढ़ प्रांत में सर्वप्रथम जांजगीर के कैडेट्स द्वारा कोरोना के विरूद्ध मोर्चा संभाला गया। इसकी चर्चा पूरे राज्य में है एवं ग्रुप कमांडर ब्रिगेडियर जेएस भारद्वाज द्वारा भी जांजगीर की सराहना की गई है। कोरोना से जंग में सोशल डिस्टेंस के साथ मास्क एवं सैनिटाइजर जैसे हथियार का प्रयोग करना जरूरी है। शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक एक के एनसीसी अधिकारी दिनेश चतुर्वेदी एवं टीसीएल के डॉ. मनीराम बंजारे के नेतृत्व में जिले में 50 कैडेट्स अपनी सेवा दे रहे हैं, जिसमें 36 बालक एवं 14 बालिकाएं हैं। ले.कर्नल क्षेत्री ने कैडेट्स में उत्साह भरते हुए कहा संकटकाल में अपने इरादों को मजबूत रखना जरूरी है। कोरोना से लड़ते हुए अपना बचाव पहले आवश्यक है। कोरोना से इस तरह की जंग एनसीसी कैडेट्स के लिए देश सेवा का सुनहरा अवसर है। इससे जीतने के बाद ही राहत की सांस ली जा सकती है। सम्मान कार्यक्रम का संचालन एनसीसी अधिकारी दिनेश चतुर्वेदी एवं आभार प्रदर्शन डॉ. मनीराम बंजारे द्वारा किया गया। इस दौरान बालक कैडेट्स में हिमांशु, धनराज, सतीश, गजेंद्र, अजय, अशोक, रवि, योगेश, संदीप, उमाशंकर, अनिल, देवेंद्र, ओमनारायण, रामरतन सूरज, संजू, मुकेश, सुरेंद्र, जितेश, अभिषेक, अजय, भुनेश्वर उपस्थित थे।
इस आपातकाल में सेवा देने के लिए लड़कियां लडक़ों से आगे हैं। टीसीएल कॉलेज के 14 में से 14 बालिका कैडेट्स अपनी ड्यूटी निभा रही हैं। इन कैडेट्स में प्राची, अंजू, रिया, सुष्मिता, ललिता, प्रीति, संजना, ममता, रामलता, ऋतु, शानू, सबीना, शिवांगी, सविता शामिल हैं। लॉकडाउन का सख्ती से पालन कराने कैडेट्स अपनी सेवा बैंक, डाकघर, यातायात प्रबंधन, गैस वितरण आदि स्थल पर 31 मई तक प्रदान करेंगे। उसके बाद एनसीसी ऑफिसर एवं कैडेट्स का कोरोना टेस्ट कराया जाएगा। जिला अभी आरेंज जोन में है। कमान अधिकारी के निर्देशानुसार कोरेनाटाइन सेंटर पर एवं रेड जोन की स्थिति में कैडेट्स की सेवा नहीं ली जा सकती है।
कैडेट्स की सेवा में पालकों का भी महत्वपूर्ण योगदान है। वे कैडेट्स को अपने वाहन में ड्यूटी स्थल तक छोडऩे एवं वापस ले जाने में सहयोग दे रहे हैं। कैडेट्स जांजगीर शहर के अलावा तिलई, परसदा, नैला, भड़ेसर पाली से आवागमन करते हैं। कैडेट हिमांशु ने बताया ड्यूटी के बाद घर में माँ आरती उतारकर आशीर्वाद प्रदान करती है। इस सेवा भाव से पिता को गर्व होता है।