
जांजगीर चांपा। जिला मुख्यालय से लगे गांव सुकली में करीब 20 से 22 लोग पिकनीक मनाने गांव के ही तालाब किनारे गए हुए थे। अधिकांश युवक रविवार होने की वजह से पहुंचे थे। सभी पिकनीक मनाने के बाद खाना खाकर बैठे हुए थे। इसी दौरान अचानक दोपहर 3 बजे मौसम ने करवट ली। इसके बाद गर्जना के साथ तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश के बचने के लिए सभी युवक दो से तीन आम पेड़ के नीचे चले गए। इसी दौरान अचानक तेज बिजली कडकी और आकाशीय विजली पास में गिरी। पेड़ के नीचे में होने के कारण कुछ ज्यादा असर पड़ा और एक नाबालिग गंभीर रूप से झुलस गया।
इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बाकी करीब 12 से 15 लोग घायल गए। जिसके हाथ व पैर झुलस गए। गांव में घटना की जानकारी आग की तरह फैल गया।
आकाशीय बिजली की चपेट में आने से जहां एक नाबालिग की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं करीब 12 लोग झुलस गए। सभी का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। करीब 20 से 22 लोग तालाब किनारे पिकनीक मनाने गए थे, इसी दौरान बारिश से बचने के लिए पेड़ के नीचे खड़े हो गए थे।
सभी के परिजन तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। एक नाबालिग की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं बाकी घायलों को लेकर तत्काल जिला अस्पताल पहुंचे।
घायलों में ये शामिल
सुकली गांव के ही नितेश दर्वेश हिमालय, कोमल, महेन्द्र दर्वेश, संदीप धनराज, अमित धनराज पिंटू राठौर अभय यादव, अमितेश यादव, मनीष दर्वेश व नाबालिग मृतक चंदहास पिता रमेश शामिल है।
बारिश के बीच चमक रही हो बिजली तो पेड़ के नीचे न हों खड़े
मौसम वैज्ञानिक एचपी चंदा के मुताबिक बारिश के दौरान गरज और बिजली चमक रही हो तो सबसे पहले बिना समय गवाएं सुरक्षित जगह की तलाश करनी चाहिए। पेड़ के नीचे खड़े होने की भूल कभी नहीं करनी चाहिए। बिजली गिरने की स्थिति में किसी तरह की अर्थिग न मिल पाए, इसका पूरा ध्यान नहीं रखना चाहिए। सूखी लकड़ी को जमीन पर रखकर बैठ जाना चाहिए। मैदानी क्षेत्र में हो तो उखडू बैठ जाना चाहिए।












