
नईदिल्ली, ११ सितम्बर।
कानपुर में कालिंदी एक्सप्रेस को पलटाने की कोशिश के बीच एक बड़ा खुलासा हुआ है। पिछले एक हफ्ते में 4 बार ट्रेनों को पलटाने की कोशिश की गई। पिछले 23 दिनों में सिर्फ कानपुर के आसपास तीन बार ट्रेन को डिरेल करने की साजिश रची गई। कानपुर मामले की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी और उत्तर प्रदेश की आतंकवाद निरोधक दस्ता व आईबी कर रही है।रेलवे के मुताबिक पिछले एक हफ्ते में देश के अलग-अलग हिस्सों में 4 बार ट्रेन को पटरियों से उतारने की कोशिश की गई। वहीं दो बार पथराव की घटना भी सामने आ चुकी है। इससे यह आशंका जताई जा रही है कि रेल सेवा के खिलाफ क्या कोई बड़ी साजिश रची जा रही है। इन घटनाओं के सामने आने के बाद रेलवे की चिंता बढऩी लाजिमी है। असामाजिक तत्व खासकर वंदे भारत ट्रेन पर पथराव कर रहे हैं। रेलवे ने संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी है।टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक जून 2023 से अब तक पटरियों के साथ छेड़छाड़ के 17 मामले सामने आ चुके हैं। आरपीएफ मामला दर्जकर जांच में जुटी है। पिछले हफ्ते सोलापुर, जबलपुर समेत कई जगह ट्रेन को पलटाने की कोशिश की गई।पाकिस्तान के आतंकी फरहतुल्लाह घोरी ने हाल ही में एक वीडिया जारी किया। इसमें उसने अपने फॉलोअर्स से बड़े स्तर पर ट्रेनों को पटरी से उतारने की खातिर उकसाया रहा है। कानपुर में कालिंदी एक्सप्रेस की पटरी पर सिलेंडर के अलावा पेट्रोल और माचिस का मिलना गहरी साजिश की ओर इशारा है।
इसके पीछे आतंकी साजिश भी हो सकती है।उधर, बिल्हौर के पास कानपुर-कासगंज रेलवे ट्रैक पर एलपीजी सिलेंडर रखने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। जांच के मुताबिक रेलवे ट्रैक को उड़ाने और ट्रेन को फूंकने की साजिश रची गई थी। एटीएस और आइबी के साथ-साथ एनआईए भी जांच में जुटी है। अब तक कुल 14 लोगों को हिरासत में लिया गया है।























