
नोएडा, १८ जनवरी । दहेज की मांग पूरी नहीं करने पर शादी के दिन दूल्हा बारात लेकर नहीं आया। दूल्हे के स्वजन ने शर्त रखी कि दहेज में जब तक दस लाख रुपए नहीं मिलेंगे वह शादी नहीं होगी। मामले में पीडि़त लड़की ने राज्य महिला आयोग में शिकायत की। महिला आयोग के निर्देश पर सूरजपुर कोतवाली पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।दर्ज कराई गई रिपोर्ट में मूल रूप से कानपुर की रहने वाली युवती ने कहा है कि उसकी शादी ग्रेटर नोएडा के पैरामाउंट गोल्फ फारेस्ट सोसायटी में रहने वाले अभिषेक मिश्रा से तय हुई। दोनों पक्ष के स्वजन की सहमति से 24 मार्च 2023 को ग्रेटर नोएडा के जगन्नाथ मंदिर में सगाई की रस्में पूरी हुई थी। अभिषेक और उसके स्वजन ने कहा कि उन्हें शादी में कोई दान दहेज नहीं चाहिए। दोनों पक्षों की सहमति से 11 जून 2023 को शादी की तिथि तय हुई। दोनों पक्षों में तय हुआ की विवाह की रस्म ग्रेटर नोएडा स्थित होटल में पूरी की जाएगी। जिसका खर्च दोनों पक्ष आधा-आधा देंगे।इसके बाद पीडि़ता के मुताबिक उनके पिता ने शहर में शादी के लिए एक होटल की बुकिंग भी कर दी। जिसके लिए चार लाख 52 हजार रुपए होटल में एडवांस जमा किए। शादी के कार्ड छपवाकर सभी रिश्तेदारों और मित्रों में बंटवा दिए।29 मई को अभिषेक मिश्रा की मां मीना मिश्रा एवं छोटे भाई अभिनव मिश्रा ने फोन कर कहा कि वह कोई गृहस्थी का सामान दहेज में नहीं मांग रहे हैं। इसलिए उन्हें होटल का पूरा खर्च व शादी से पहले 10 लाख रुपए बतौर दहेज चाहिए। मीना अवस्थी के मुताबिक उसके पिता ने जब इतनी बड़ी रकम देने से मना किया तो अभिषेक उसके स्वजन ने कहा कि दहेज नहीं मिला तो वह शादी नहीं करेंगे।आरोप है कि छह जून को उसकी मां अभिषेक मिश्रा के घर पहुंची जहां उन लोगों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार करते हुए उन्हें वापस लौटा दिया। बेटी की शादी टूटने से माता-पिता की तबियत खराब हो गई, वह कानपुर चले गए। समाज में हुए अपमान से पीडि़त पक्ष के लोग परेशान है। सूरजपुर कोतवाली प्रभारी पुष्पराज सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।



























