
धर्मशाला, २३ दिसम्बर । मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा है कि प्रदेश की अपराध दर राष्ट्रीय अपराध दर से काफी कम है। पांच साल से बिगड़ी कानून व्यवस्था को हमने सुधारा है। ट्रैफिक चालान पर राष्ट्रीय स्तर की दर 82 प्रतिशत, जबकि हिमाचल में 87 प्रतिशत है। महिलाओं व बुजुर्गों से अपराध कम हुआ है। आत्महत्या के मामलों में 27 प्रतिशत की कमी आई है। पुलिस चौकियों व थानों में भी सुधार कर व्यवस्था परिवर्तन किया जाएगा। सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ कानून व्यवस्था का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कृतसंकल्प है। सुक्खू नियम 130 के तहत विधायक विपिन परमार की ओर से सदन में प्रदेश की कानून व्यवस्था पर लाई गई चर्चा के जवाब में बोल रहे थे। सुक्खू ने बताया कि पूर्व उद्योग मंत्री ने लकड़ी के अवैध काम की सूचना दी तो बड़ी कार्रवाई की। 10 से 15 ट्रक गगरेट में पकड़े। जब कोई वरिष्ठ विधायक सूचना दे तो तुरंत कार्रवाई करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा समय में व्यवस्था परिवर्तन नहीं था, जिसमें बिना पद भरे संस्थान खोल दिए। इस दौरान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और सुक्खू में नोकझोंक हुई। सुक्खू ने कहा कि प्रदेश में इस साल पहली जनवरी से 15 दिसंबर 2023 तक 2148 मामले दर्ज हुए, जबकि 2022 में इसी समय अवधि में 2485 मामले दर्ज हुए। सरकार के कार्यकाल में 13 प्रतिशत कम हुए हैं। जबकि सड़क दुर्घटना में मृतकों में 20 प्रतिशत व घायलों में 16 प्रतिशत कमी आई है। सुक्खू ने कहा कि चंबा में हुई हत्या के आरोपितों को आठ घंटे में पकड़ लिया गया। ऊना में नदीम अख्तर ने इंटरनेट मीडिया पर आपत्तिजनक बात लिखी, 25 जुलाई 2023 को पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। खनन पर तीन करोड़ 62 लाख के चालान किए गए। ब्यास में चल रहे सभी क्रशरों को बंद कर दिया। नशे के मामलों में 50 प्रतिशत तेजी आई है। आत्महत्या के मामले पिछले वर्ष के मुकाबले 27 प्रतिशत कम हुए हैं। कानून व्यवस्था की चर्चा में विधायक केवल सिंह पठानिया व बिक्रम ठाकुर ने भी भाग लिया।














