
कोलकाता। देशभर में चौथे चरण के मतदान के दौरान भी पश्चिम बंगाल में हिंसा की घटनाएं सामने आई हैं। बीरभूम में भाजपा कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि टीएमसी सदस्यों ने मतदान केंद्र के बाहर उनके स्टाल पर तोडफ़ोड़ की। हालांकि, टीएमसी ने इन आरोपों को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा, भाजपा के कैंप ऑफिस कहां है। हम केवल अपना काम कर रहे हैं। उन्हें सीसीटीवी कैमरा चेक करना चाहिए, तभी उन्हें मालूम चलेगा कि यह किसने किया। जिसने भी यह किया, उसे गिरफ्तार करना चाहिए। उन्हें मालूम है कि उन्हें यहां वोट नहीं मिलने वाला। इसलिए वह अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए ऐसा कर रहे हैं। दुर्गापुर में भी मतदान के दौरान भाजपा और टीएमसी के कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए। भाजपा विधायक लक्ष्मण घोरुई ने कहा, हमारे पोलिंग एजेंटों को दुर्गापुर के टीएम स्कूल में स्थित मतदान केंद्र से बार बार बाहर निकाला गया। बूथ नंबर 22 से अल्पना मुखर्जी, बूथ नंबर 83 से सोमनाथ मंडल और बूथ नंबर 82 से राहुल साहनी को टीएमसी के गुंडों ने मतदान केंद्र से बाहर निकाल दिया। टीएमसी नेता राम प्रसाद हलदर ने इस झड़प को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, सुबह के छह बजे ये लोग (भाजपा) केंद्रीय बलों के साथ आए और मतदाताओं को उकसाने लगे। हमने इसका विरोध किया। मतदाताओं ने भी इसका विरोध किया। वे बाहर से पोलिंग एजेंट लाने की कोशिश कर रहे हैं।































