
बिश्रामपुर। शनिवार सुबह नगर के शिवनन्दनपुर गांव में संचालित शासकीय मदिरा दुकान में संदिग्ध परिस्थितियों में घुसे प्लेसमेंट कर्मचारियों पर शराब में मिलावट करने का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने जमकर हंगामा मचाया। सूचना देने के बावजूद आबकारी व पुलिस अमले के नही पहुंचने पर कलेक्टर से शिकायत के बाद आबकारी उप निरीक्षक जांच में पहुंचे। उन्हें भी ग्रामीणों ने जमकर खरी खोटी सुनाई। उन्होंने जांच करने और गड़बड़ी मिलने पर वैधानिक कार्रवाई करने का ग्रामीणों को भरोसा दिया। इधर ग्रामीणों ने आबकारी अमले पर जांच के नाम पर लीपापोती करने का गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर से मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
लंबे समय से शासकीय मदिरा दुकान सुर्खियों में है। इस दुकान में पैसों की गड़बड़ी समेत चोरी और मिलावट की खबरों के बीच इसमे आबकारी अमले की संलिप्तता के आरोप लगते रहे है। कुछ समय से शराब में मिलावट की आशंका को लेकर मदिरा प्रेमी और ग्रामीण शराब दुकान की निगरानी कर रहे थे। शनिवार सुबह छह बजे ग्रामीणों ने देखा कि दुकान के प्लेसमेंट कर्मचारी बोरी में कुछ सामान भरकर साथ में लाए और शराब दुकान का शटर खोलकर अंदर घुसे और गार्ड ने शटर बन्द कर बाहर ताला लगा दिया। मिलावट की आशंका को लेकर मदिरा प्रेमियों व ग्रामीणों ने हंगामा मचाना शुरू कर दिया। उन्होंने इसकी सूचना तत्काल आबकारी उप निरीक्षक प्रदीप वर्मा और बिश्रामपुर टीआई अलरिक लकड़ा को दी। काफी देर तक जांच करने वहां कोई नही पहुंचा, तो कुंजनगर सरपंच ने कलेक्टर सूरजपुर को मोबाइल से सूचना देकर वस्तुस्थिति से अवगत कराते हुए कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि दुकान में पानी की बोतलों की कई खाली पेटी रखी थी। वो कैसे वहां थी। सीसीटीवी कैमरे की जांच कराई जाए। कलेक्टर को सूचना देने के थोड़ी देर बाद आबकारी उप निरीक्षक प्रदीप वर्मा को वहां मौजूद भीड़ ने जमकर खरी खोटी सुनाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि शराब दुकान से मिलावटी शराब बेची जा रही है।
उन्होंने उन्हें दिखाया कि दुकान परिसर में नई शराब की बोतलों के ढक्कन भारी मात्रा में फेंके हुए है। थिनर और स्प्रिट की शीशी भी फेंकी हुई है। दुकान परिसर में पीछे हिस्से में पानी का ड्रम भरा रखा है। उन्होंने शराब में स्प्रिट व थिनर जैसा जानलेवा कैमिकल मिलाने से जान को खतरा होने जैसे गंभीर आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई। ग्रामीणों का गुस्सा देखकर आबकारी उप निरीक्षक ने निष्पक्ष जांच कर वैधानिक कार्रवाई का भरोसा दिया। वही जांच के दौरान जनप्रतिनिधियों को दुकान के अंदर नही जाने देने पर भी लोगो ने आक्रोश व्यक्त करते हुए जांच के नाम पर लीपापोती का गंभीर आरोप लगाया। इधर शराब में मिलावट के आरोपो की जांच करने शराब दुकान में घुसे आबकारी उप निरीक्षक प्रदीप वर्मा ने जांच शुरू की। जांच के दौरान मीडिया कर्मियों से कहा कि वे जांच कर वस्तुस्थिति से अवगत कराएंगे। बता दे कि तीन दिन पूर्व ही ग्रामीणों की शिकायत पर शासकीय मदिरा दुकान रामानुजनगर पहुंचे आबकारी उप निरीक्षक ने प्लेसमेंट कर्मचारी को शराब में मिलावट करते रंगे हाथों पकड़ा था। कुछ समय पूर्व बिश्रामपुर पुलिस ने शिवनंदनपुर स्थित शराब दुकान के पीछे दो गार्डों के मकान से मिलावटी शराब व उपकरण जब्त किए थे। जिले भर की शराब दुकानों में मिलावटी शराब बेचे जाने की शिकायतें प्रकाश में आ रही है।














