
उदयपुर, 0९ मार्च ।
होली से पहले पुलिस और डीएसटी टीम ने राजस्थान के उदयपुर में उमरड़ा रोड स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में नकली घी बनाने वाली एक फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया। इस फैक्ट्री में सरस, अमूल, कृष्णा और नोवा ब्रांड की हूबहू पैकिंग में नकली घी तैयार किया जा रहा था।कार्रवाई के दौरान 1500 किलो नकली घी जब्त किया गया, जिसकी बाजार में कीमत 63 लाख रुपए आंकी गई। डीएसटी प्रभारी श्याम सिंह रत्नू ने बताया कि यहां सोयाबीन तेल, डालडा और फ्लेवर मिलाकर नकली घी तैयार किया जा रहा था। पैकिंग इतनी असली थी कि पहचान पाना मुश्किल था।आरोपियों ने प्रसिद्ध कंपनियों के बारकोड और एगमार्क भी तैयार कर लिए थे, लेकिन स्कैन करने पर जानकारी नहीं मिलती थी। फैक्ट्री के बेसमेंट और ग्राउंड फ्लोर पर बड़ी मात्रा में नकली घी और पैकिंग सामग्री बरामद हुई। पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया और मुख्य आरोपी से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ में पता चला कि यह घी मुख्य रूप से गांवों, होटलों और शादी समारोहों में सप्लाई किया जा रहा था। एक टिन घी की कीमत 4200 रुपए थी, और रोजाना 150 किलो से ज्यादा घी बेचा जा रहा था। रसद और खाद्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर सैंपल जांच के लिए भेजे हैं। राजस्थान के अजमेर में पुष्कर के अधिवक्ता पुरुषोत्तम जाखेटिया की हत्या के विरोध में 8 मार्च को अजमेर सहित आसपास के शहर बंद रहे। मालूम हो कि अधिवक्ता जाखेटिया की मौत 7 मार्च को इलाज के दौरान अजमेर के अस्पताल में हो गई थी। 2 मार्च की रात को जाखेटिया ने पुष्कर में अपने निवास के बाहर बज रहे म्यूजिक सिस्टम का विरोध किया था।विरोध से गुस्साए युवकों ने अधिवक्ता को बुरी तरह से पीट दिया था जिससे वह बुरी तरह से घायल हो गए थे, उनका अस्पताल में इलाज चल रहा था।
पुष्कर पुलिस ने इस मामले में अब तक कुल 10 हमलावरों को पकड़ा है। मुख्य आरोपी फरार हैं। बंद के दौरान अधिवक्ता सुबह से ही शहर में गश्त कर रहे थे।उन्होंने अजमेर के कई मॉल्स और बाजार बंद करवाए। जहां पर बंद नहीं था वहां जमकर तोडफ़ोड़ की। मोबाइल से वीडियो बनाने को लेकर कहासुनी होने पर अधिवक्ताओं ने युवक को भी पीट दिया। इसके बाद पुलिस अधीक्षक, कलक्टर अजमेर लोक बंधु को भी मौके पर आना पड़ा।इसके अलावा अजमेर के स्टेशन रोड, सब्जी मंडी, नया बाजार, दरगाह बाजार, धानमंडी आदि विभिन्न इलाकों में वकीलों ने ठेलों से सामान उलट दिए तो दुकानों को जबरन बंद कराया।
कुछ एक जगह शराब के ठेके भी बंद कराए। पुलिस कर्मियों ने जहां भी अधिवक्ताओं को रोकने की कोशिश की वहां उनसे धक्का मुक्की व झड़प की गई।































