कोरिया बैकुंठपुर। कोरिया जिले में राजस्व विभाग की लापरवाही से कश्मीरी पंडित परिवार पिछले 12 साल से न्याय की उम्मीद में भटक रहा है। दरअसल पैतृक जमीन के लालच में भाई ने बहन को मृत व नि:संतान बताकर फर्जी तरीके से उनके हिस्से की जमीन की बिक्री कर दी। जमीन वापस पाने के लिए अब पीडि़त परिवार तहसील व राजस्व विभाग के चक्कर लगा रहा है।
मालूम हो कि ग्राम सरडी के नरेंद्रनाथ राजदान के दो बेटे व चार बेटियां थीं। बेटियों में से दो की मौत हो चुकी है। बड़े बेटे कैलाशनाथ राजदान महलपारा बैकुंठपुर में रहते हैं। बहन रंजना गंजू की कुछ साल पहले मृत्यु हो गई है। रंजना के दो बेटे संदीप गंजू व कुलदीप गंजू भोपाल में रहते हैं। मां की मृत्यु के बाद संपत्ति की जानकारी लेने संदीप व कुलदीप जब सरडी पहुंचे तब पता चला कि खसरा नं 779/1 रकबा 0.50 हेक्टेयर का नामांतरण कर दिया गया है। भूमि के संबंध में इश्तेहार प्रकाशित कराया गया था जिसमें यह उल्लेखित किया गया था कि रंजन गंजू नि:संतान थीं, इसलिए किसी प्रकार की दावा आपत्ति न मिलने पर तत्कालीन तहसीलदार ने अग्रिम कार्रवाई करने का आदेश दिया है। मामले में 12 साल से पीडि़त गंजू परिवार न्याय की गुहार लेकर दर-दर भटकने को मजबूर है लेकिन राजस्व विभाग से अब तक न्याय नहीं मिल सका है। पीडि़तों ने पीएमओ, सीएम को कई चिठ्ठियां लिख डाली है। लेकिन इतने साल बाद भी मामले में राजस्व विभाग से न्याय नहीं मिला है।
मामले में दिप्ति गंजू पति संदीप गंजू ने कलेक्टर कोरिया को लिखते हुए कहा कि रंजना राजदान गंजू की पैतृक संपत्ति नामांतरण केस बहुत समय से भू-राजस्व विभाग के पास विचाराधीन है। 22 मई 2024 को वारिसगार संदीप गंजू व कुलदीप गंजू की उपस्थिति में तहसीलदार बैकुंठपुर की अदालत में संपन्न हुई जिसका आदेश अब तक प्राप्त नहीं हुआ है। वहीं मामले में कलेक्टर कोरिया विनय कुमार लंगेह ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में आया है, राजस्व विभाग को मामले में शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।