
कोरबा। कोरबा शहर के पुराना बस स्टैंड मुख्य मार्ग में संचालित शराब दुकान के कारण आए दिन विवाद और तनाव के हालात बन रहे हैं। आश्चर्य तो इस बात का है कि दुकान के कर्मचारी अथवा सुरक्षा कर्मी इस विवाद को शांत तक नहीं कराते जो उसके काउंटर के सामने परिसर में ही हो रहा है।
जानकारी के मुताबिक तीन युवक एक-दूसरे पर बुरी तरह टूट पड़े हैं। व्यापारियों का कहना है कि यह नजारा यहां हर दिन देखने को मिलता है। शराब खरीदने के बाद लोग सार्वजनिक स्थानों पर ही पीने लगते हैं, गाली-गलौज का दौर चलता रहता है। असामाजिक तत्व पहले से ही शहर की हवा खराब किए हुए हैं,ऊपर से ये शराबी। कुछ दूरी पर सिटी कोतवाली भी है किन्तु शराबियों को किसी का डर नहीं।
शराबियों द्वारा आसपास की गलियों और बंद दुकानों के शटर को ‘सार्वजनिक मूत्रालय’ बना दिया गया है। महिला ग्राहकों की भी दूरियां इन दुकानों से बढ़ने लगी है क्योंकि शराबियों से डर लगता है। लाखों का टैक्स देने वाले व्यापारी अपनी ही दुकानों के सामने असहाय महसूस कर रहे हैं।
क्षेत्र के व्यापारियों ने शासन व प्रशासन से इस शराब दुकान को तत्काल प्रभाव से किसी गैर-व्यापारिक या कम भीड़भाड़ वाले इलाके में स्थानांतरित करने की मांग जारी रखी है।
































