
आगरा। बरहन थाने में तैनात दारोगा अपने ही हल्के (बीट) के गांव में देर रात एक घर में घुस गया। आपत्तिजनक स्थिति में पकड़े जाने के बाद ग्रामीणों ने दारोगा को नंगा कर पीटा और खंभे से बांध लिया। थाने की पुलिस के पहुंचने के बाद भी ग्रामीणों ने दारोगा को नहीं छोड़ा। दो घंटे बाद कार्रवाई का आश्वासन मिलने पर ग्रामीणों ने दारोगा को नग्न अवस्था में ही पुलिस के सुपुर्द किया। दारोगा की पिटाई के वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हो रहे हैं। बरहन थाने में तैनात दारोगा संदीप कुमार रविवार रात करीब 11 बजे अपने हल्के के गांव में पहुंचा। ग्रामीणों के अनुसार, दारोगा नशे में एक घर में घुस गया, जिसके एक कमरे में युवती अकेली सो रही थी। दूसरे कमरे में माता-पिता सो रहे थे। दारोगा संदीप कुमार युवती के कमरे में घुस गया। शोर मचाने पर गांव के कुछ लोगों को इसकी जानकारी हो गई। इसके बाद उन्होंने दारोगा को आपत्तिजनक स्थित में पकड़ लिया। इसके बाद उसकी पिटाई शुरू कर दी। थोड़ी देर में ही सैकड़ों ग्रामीण जुट गए। ग्रामीणों ने दारोगा को नंगा करके खंभे से बांध लिया। इसके बाद भी उसकी लात-घूंसों से पिटाई की। बांधने के बाद ग्रामीणों ने एसीपी एत्मादपुर सौरभ सिंह व अन्य अधिकारियों को जानकारी दी। दारोगा को छुड़ाने के लिए थाने से पुलिस पहुंची, लेकिन ग्रामीणों ने उसे छोडऩे से इनकार कर दिया। वे एसीपी के मौके पर पहुंचने के बाद ही छोडऩे की बात कह रहे थे। रात एक बजे एसीपी के कार्रवाई के आश्वासन के बाद दारोगा को ग्रामीणों ने छोड़ा।पुलिस आयुक्त डॉ. प्रीतिंदर सिंह का कहना है कि दारोगा को निलंबित किया जा रहा है। उसके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा। विभागीय जांच भी शुरू करा दी है। ग्रामीणों का कहना है कि दारोगा संदीप कुमार उनके गांव के इस घर में दो माह से आ रहा था। उन्हें शक था, लेकिन उसे रंगे हाथ पकडऩा चाहते थे। रविवार को वह किसी के साथ बाइक से आया था। बाइक सवार उसे छोड़कर चला गया। इसके बाद दारोगा अकेला घर में घुस गया। ग्रामीणों को इसकी जानकारी हो गई थी। थोड़ी देर बाद ही उन्होंने घर में घुसकर दारोगा को आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ लिया।ग्रामीणों द्वारा पकड़े जाने के बाद दारोगा कुछ बोल नहीं सका। गांव के युवकों ने पिटाई भी की, लेकिन वह विरोध करने की स्थिति में भी नहीं था। पुलिस फोर्स के पहुंचने के बाद दारोगा को उल्टियां होने लगीं। इसके बाद ही कुछ लोगों ने ग्रामीणों को समझाकर पुलिस के सुपुर्द कराया।आपत्तिजनक स्थिति में पकड़े गए दारोगा को ग्रामीणों ने रस्सी से बांधा था। पुलिस पहुंची, तब तक वह बंधा हुआ था। पुलिसकर्मी ग्रामीणों का वीडियो बनाने लगे, लेकिन ग्रामीणों के आक्रोश को देखकर रस्सी खोलने की हिम्मत पुलिसकर्मियों की नहीं पड़ी। ग्रामीण एसीपी को मौके पर बुलाने की मांग कर रहे थे। दारोगा के मुक्त होने के बाद रात डेढ़ बजे एसीपी एत्मादपुर सौरभ सिंह बरहन थाने पहुंच गए। उन्होंने दारोगा से घटना के संबंध में पूछताछ की। दारोगा कुछ भी बताने की स्थिति में नहीं था।





















