
सूरजपुर। जंगल के भीतर मौजूद गुफा में दुर्लभ जानवर साही का शिकार करने घुसे युवक की दम घुटने से मौत होने का मामला सामने आया है। घटना सूरजपुर जिले के तमोर पिंगला अभयारण्य रमकोला की है। 17 नवंबर को रमकोला थाना क्षेत्र में निवास करने वाले छह दोस्त दुर्लभ जंगली जानवर साही का शिकार करने जंगल गए थे। इस बीच उन्हें जंगल में मौजूद एक गुफा के भीतर साही के होने का आभास हुआ तो उन्होंने जहरीले पत्तों को जलाकर उसके धुएं से साही को गुफा से बाहर निकालने की योजना बनाई। इसके बाद एक युवक अलय कुमार अगरिया पिता रामप्रसाद उम्र 22 वर्ष ने जंगल में मौजूद एक जहरीले पौधे के कुछ पत्तों को तोड़कर धुआं करने की नीयत से जलाया फिर उन्हें लेकर लगभग 15 फीट लंबी गुफा के भीतर प्रवेश कर गया। बताया जा रहा है कि जलते हुए जहरीले पत्तों को लेकर युवक ने जैसे ही गुफा के भीतर प्रवेश किया वैसे ही पूरी गुफा में जहरीला धुआं फैल गया जिसके कारण उसका दम घुट गया और गुफा के भीतर ही उसकी मौत हो गई। इधर दोस्तों द्वारा काफी देर तक इंतजार करने व आवाज देने के बाद भी जब युवक गुफा से बाहर नहीं निकला तो वे लोग किसी अनहोनी की आशंका से डर गए और उसे गुफा में ही छोड़कर वहां से वापस लौट गए और घर पहुंचकर युवक के स्वजनों को जानकारी दी। स्वजनों की सूचना के बाद रमकोला पुलिस द्वारा बुलाई गई डीडीआरएफ व एसडीआरएफ सूरजपुर की संयुक्त टीम ने पुलिस की मौजूदगी में नाइट विजन कैमरा, बीए सेट व अन्य उपकरणों की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद 19 नवंबर को गुफा के भीतर से मृतक युवक के शव को बाहर निकाला और रमकोला पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम कराकर स्वजनों को सौंप दिया है। मृतक के शव को गुफा के भीतर से बरामद करने में संयुक्त टीम के जिला सेनानी संजय गुप्ता, बीरबल गुप्ता, कृष्ण बिहारी गुप्ता, बेला प्रताप, देवनारायण, कृष्णा सिंह व महबूब ने सक्रिय भूमिका निभाई।





























