
कोरबा। शहर विधायक एवं प्रदेश के श्रम एवं उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन बेमेतरा जिले में औद्योगिक दुर्घटना के बाद सख्त हो गए हैं। उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि उद्योगों में श्रमिकों से 8 घंटे से अधिक काम न लिया जाए। 8 घंटे से अधिक काम लेने वालों पर कार्रवाई की जाएगी, साथ ही उन्होंने श्रम विभाग के सचिव को उद्योगों में सुरक्षा मापदंड सुनिश्चित कर जानलेवा हादसों में कमी लाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। श्री देवांगन ने अपने पत्र में बेमेतरा में कहा है भीषण हादसे में कई श्रमिकों ने अपनी जान गंवाई, जो की अत्यंत ही दुखद है। चूंकि राज्य में श्रम विभाग का कार्य राज्य के उद्योगों में कार्यरत श्रमिकों व कर्मचारियों के हितप्रहरी के रुप में कार्य करते हुए उनके स्वास्थ्य और सुरक्षा को सर्वोपरी रखते हुए श्रमवीरों के आजीविका व जीवन को सुरक्षित रखने के लिए कार्यस्थल पर आवश्यक उपाय सुनिश्चित करना है। इसके लिए इंडस्ट्रियल सेफ्टी ट्रेनिंग का आयोजन किसी मान्यता प्राप्त एजेंसी द्वारा करवाना व उसकी रिपोर्ट विभाग को प्रदाय करना, जिससे उसकी मासिक और वार्षिक समीक्षा हो सके। थर्ड पार्टी सेफ्टी ऑडिट एजेंसी की मान्यता को पुन: निर्धारित करें। उद्योग जो प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से ज्वलनशील या विस्फोटक सामग्री का प्रयोग या उत्पादन करते हों, ऐसे सभी उद्योगों का विशेष सुरक्षा जांच व समीक्षा की जाए।
कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन ने श्रम विभाग के सचिव को निर्देशित किया है की किसी भी उद्योग में श्रमिकों से 8 घंटे से अधिक काम नहीं लिया जाए। कैबिनेट मंत्री श्री देवांगन ने एक बार फिर स्थानीय श्रमिकों को लेकर गंभीरता दिखाई है। उन्होंने कहा कि उद्योगों में स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार के अवसर कम उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जबकि छत्तीसगढ ओद्योगिक नीति 2019-24 के अनुरूप उद्योगों द्वारा आर्थिक निवेश प्रोत्साहन प्राप्त करने हेतु अकुशल श्रेणी में न्यूनतम 100 फीसदी, कुशल श्रेणी में न्यूनतम 70 फीसदी और प्रबंधकीय श्रेणी में न्यूनतम 40 फीसदी रोजग़ार दिए जाने का प्रावधान है। मंत्री श्री देवांगन ने प्रावधान का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।































