वरिष्ठ वकील राम जेठमलानी का 95 साल की उम्र में निधन हो गया है. राम जेठमलानी लंबे समय से बीमार थे. राम जेठमलानी लगभग एक हफ्ते से बहुत ज्यादा बीमार थे और अपने बेड से भी नहीं उठ पा रहे थे. बीमारी के कारण बेहद कमजोर भी हो गए थे. देश के उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू कुछ ही देर में राम जेठमलानी के घर जाएंगे. राम जेठमलानी के बेटे महेश ने बताया कि उनका (राम जेठमलानी) अंतिम संस्कार आज शाम को लोधी रोड श्मशान में किया जाएगा.

वकील और पूर्व कानून मंत्री राम जेठमलानी के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी दुख व्यक्त किया है. नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया, राम जेठमलानी जी के निधन से, भारत ने एक असाधारण वकील और प्रतिष्ठित सार्वजनिक व्यक्ति को खो दिया. राम जेठमलानी ने न्यायालय और संसद दोनों में समृद्ध योगदान दिया है. वह मजाकिया, साहसी और कभी भी किसी भी विषय पर साहसपूर्वक बोलने से नहीं कतराते थे.

पीएम मोदी ने कहा, श्री राम जेठमलानी जी के सबसे अच्छे पहलुओं में से एक उनके मन की बात कहने की क्षमता थी और, उन्होंने बिना किसी डर के ऐसा किया. आपातकाल के काले दिनों के दौरान, उनकी स्वतंत्रता और सार्वजनिक स्वतंत्रता के लिए लड़ाई को याद किया जाएगा. जरूरतमंदों की मदद करना उनके व्यक्तित्व का एक अभिन्न हिस्सा था.

प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट किया, मैं खुद को सौभाग्यशाली मानता हूं कि मुझे राम जेठमलानी के साथ बातचीत करने के कई अवसर मिले. इन दुखद क्षणों में उनके परिवार, दोस्तों और प्रशंसकों के प्रति मेरी संवेदना.

राम जेठमलानी को श्रद्धांजलि देने गृह मंत्री अमित शाह उनके घर पहुंचे. यहां उन्होंने राम जेठमलानी को श्रद्धांजलि दी और राम जेठमलानी के निधन पर दुख प्रकट किया. अमित शाह ने ट्वीट किया, हमने एक प्रतिष्ठित वकील के साथ एक महान मानव को खो दिया.

अमित शाह ने कहा, राम जेठमलानी जी का निधन पूरे कानून से जुड़े लोगों के लिए एक अपूरणीय क्षति है. कानूनी मामलों पर उनके विशाल ज्ञान के लिए उन्हें हमेशा याद किया जाएगा. शोक संतप्त परिवार के प्रति मेरी संवेदना.

केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने भी राम जेठमलानी के निधन पर दुख व्यक्त करते हुए लिखा, अनुभवी वकील और पूर्व कानून मंत्री राम जेठमलानी के निधन पर बेहद दुखी हूं. उनकी प्रतिभा, वाकपटुता, शक्तिशाली वकालत और कानून की समझ कानूनी पेशे में एक योग्य उदाहरण बनी रहेगी. मेरी गहरी संवेदना.

राम जेठमलानी के निधन पर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दुख व्यक्त किया है. अरविंद केजरीवाल ने कहा, अपने आप में एक संस्था, उन्होंने स्वतंत्रता के बाद के भारत में आपराधिक कानून को आकार दिया. उसका शून्य कभी नहीं भरा जाएगा और उसका नाम कानूनी इतिहास में सुनहरे शब्दों में लिखा जाएगा.

बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने राम जेठमलानी ने निधन पर दुख व्यक्त करते हुए ट्वीट किया. उन्होंने लिखा, अलविदा दोस्त.

राम जेठमलानी ने कई मशहूर और विवादित केसों की पैरवी की थी. इसमें इंदिरा गांधी केस के हत्यारों का केस, डॉन हाजी मस्तान और हर्षद मेहता जैसे केस हैं. राम जेठमलानी ने एक मशहूर वकील के साथ राजनेता भी थे. फिलहाल वह आरजेडी से राज्यसभा सांसद थे.

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के हत्यारों सतवंत सिंह और केहर सिंह के वकील के तौर पर पेश हुए थे. यही नहीं उन्होंने एम्स के डॉक्टर और इंदिरा गांधी के शव का पोस्टमार्टम करने वाले टी डी डोगरा द्वारा दिए गए मेडिकल प्रमाणों को भी चैलेंज किया था. हालांकि उनके इस केस पर कई लोगों ने आपत्ति जताई थी.