
कैग रिपोर्ट पर कोई एक्शन नोट पेश नहीं
गुप्ता ने सोमवार को इस बात पर चिंता जताई कि पिछले कई सालों में दिल्ली सरकार के विभिन्न विभागों ने कैग रिपोर्ट पर कोई एक्शन नोट पेश नहीं किया है।
एपीएमएस पोर्टल को दिल्ली में अपनाया जाए
उन्होंने कहा कि इससे अनावश्यक देरी और कागजी कार्रवाई खत्म हो जाती है। उन्होंने पत्र में कहा कि मेरा दृढ़ विश्वास है कि यह बहुत जरूरी है कि एपीएमएस पोर्टल को दिल्ली में अपनाया जाए और विभागों को सख्त निर्देश दिए जाएं कि वे सीएजी की टिप्पणियों पर तुरंत अपने नोट प्रस्तुत करें। चेयरमैन ने इस मामले में मुख्य सचिव से 7 अप्रैल तक कार्रवाई रिपोर्ट भी मांगी है। इससे पहले विधानसभा के बजट सत्र में स्पीकर ने कहा कि हाल ही में एक बैठक में महालेखा परीक्षक (ऑडिट) ने उन्हें दिल्ली सरकार के विभागों के प्रदर्शन पर सीएजी रिपोर्ट पर लंबित कार्रवाई नोटों के बारे में अवगत कराया था।
महालेखा परीक्षक (ऑडिट) ने मेरा ध्यान इस गंभीर तथ्य की ओर दिलाया कि पिछले 10 वर्षों में न तो लोक लेखा समिति (पीएसी) और न ही तत्कालीन विधानसभा की सार्वजनिक उपक्रम समिति ने कोई रिपोर्ट पेश की है।






















