
कोरिया बैकुंठपुर। नगर पालिका परिषद बैकुंठपुर की नेता प्रतिपक्ष अन्नपूर्णा प्रभाकर सिंह ने शहर में लंबे समय से बंद पड़े रेलवे शहरी आरक्षण केंद्र को लेकर उन्होंने कहा कभी जिस आरक्षण केंद्र के खुलने पर बैकुंठपुर के लोगों ने राहत की सांस ली थी, आज वही केंद्र वीरान पड़ा है — गेट पर ताला, अंदर सन्नाटा और बाहर टिकट की उम्मीद में खड़े लोग!
यह केंद्र चर्चा रेलवे स्टेशन के 12 किलोमीटर लंबे सफर से निजात दिलाने के उद्देश्य से खोला गया था। लेकिन अब इसे बिना किसी सूचना या कारण बताए बंद कर दिया गया है। न रेलवे विभाग ने कोई कारण बताया, न वैकल्पिक व्यवस्था की गई।ना समय की कद्र रही, ना जेब की बचत — ऊपर से अफसरों की चुप्पी! लोगों का कहना है कि जहां पहले टिकट बुकिंग में 10 मिनट लगते थे, अब आधा दिन खर्च हो जाता है। किराया अलग, धूप-पसीना अलग और परेशानी अपनी जगह।इस समस्या को लेकर अन्नपूर्णा प्रभाकरसिंह ने कलेक्टर कोरिया व मंडल रेल प्रबंधक दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर मंडल छत्तीसगढ़ आरक्षण केंद्र बिलासपुर से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने कहा कि यह सुविधा हर वर्ग के लिए अत्यंत जरूरी थी — महिला हो, बुजुर्ग, छात्र या व्यापारी — सभी को इसका सीधा लाभ मिल रहा था। अब वह सुविधा अचानक बंद कर दी गई है, जिससे जनता असहाय महसूस कर रही है।नेता प्रतिपक्ष अन्नपूर्णा प्रभाकर सिंह ने प्रशासन का ध्यान आकर्षण करवाते हुए मांग की हैं।शहरी रेलवे आरक्षण केंद्र को उसी स्थान पर तत्काल पुन: चालू किया जाए। कर्मचारियों की स्थाई तैनाती की जाए, जिससे सेवा स्थायी रूप से जारी रह सके।संचालन का स्पष्ट समय निर्धारित किया जाए, ताकि लोगों को भ्रम की स्थिति न हो।जनता पूछ रही है क्या हम शहर में रहकर भी गांव जैसी सुविधाओं को तरसेंगे क्या हमारी छोटी-छोटी जरूरतें प्रशासन की उदासीनता के नीचे दबती रहेंगी नेता प्रतिपक्ष अन्नपूर्णा प्रभाकर सिंह ने प्रशासन से सीधा सवाल किया रेलवे की पटरियों पर तो ट्रेनें दौड़ रही हैं,तो फिर बैकुंठपुर शहर की उम्मीदों पर ताला क्यों पड़ा है।




















