कोरिया चरचा कालरी। जिला प्रशासन एवं आयुष विभाग, कोरिया के तत्वावधान में शासकीय प्राथमिक शाला परिसर नगर पालिका शिवपुर चर्चा में संचालित आयुष पॉलिक्लिनिक, निरंतर अपनी सेवाओं और उपलब्धियों का नया कीर्तिमान गढ़ रहा है।
क्लीनिक में निशुल्क होम्योपैथी, आयुर्वेद और योग जैसी पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों के माध्यम से प्रतिदिन सैकड़ों लोग लाभान्वित हो रहे हैं। इस पॉलीक्लिनिक की चिकित्सा टीम के सभी सदस्यों का आपसी सामंजस तालमेल ही सफल उपचार की सबसे बड़ी ताकत है होम्योपैथी डॉक्टर पुष्पा सिंह , आयुर्वेद चिकित्सक डॉक्टर करिश्मा एक्का ,कामदेव यादव, माधुरी पांडे,पूर्णचंद नाहक सहित स्टाफ निरंतर अपने बेहतर सामंजस, कुशलता और संवेदनशीलता से मरीजों को लाभान्वित कर रहे हैं क्षेत्र के कई ऐसे रोगी जो बाहर जाकर इलाज कर चुके थे किंतु उन्हें अपेक्षित फायदा नहीं मिला था उन्हें इस पॉली क्लिनिक के माध्यम से बेहतर फायदा मिला चिकित्सकों के द्वारा त्वचा रोग डिप्रेशन, मानसिक रोग, उदर रोग,स्त्री रोग व कई अन्य बीमारियों का बहुत ही सफल इलाज किया गया है प्रतिवर्ष हजारों की संख्या में मरीज उपचार करा रहे हैं चर्चा के दौरान डॉक्टर पुष्पा सिंह ने कहा कि क्लीनिक में आने वाला हर तीसरा चौथा मरीज़ त्वचा संबंधी बीमारियों की वजह से आ रहा है इसके अतिरिक्त गैस ,अल्सर, बवासीर व उदार रोग संबंधी मरीजों की संख्या भी काफी ज्यादा है इसका मुख्य वजह दिनचर्या में बदलाव है, खान-पान में बदलाव है ,प्रकृति ने समय पर काम करने के जो नियम बनाए हैं उसके विपरीत हम सब कार्य करते हैं यही मुख्य वजह है, इसके अतिरिक्त काफी ज्यादा समय तक गैजेट्स का उपयोग करना भी बेहद नुकसानप्रद है क्लीनिक में आने वाले मरीजो के क्रम में तीसरे नंबर पर आने वाले ज्यादा मरीज गठियावाद से पीडि़त होते हैं इसके पश्चात स्त्री रोग से संबंधित रोगी आते हैं। आयुर्वेद की महत्ता…..आयुर्वेद का इतिहास आदि-अनंत काल से चला आ रहा है। हमारे देश के धार्मिक ग्रंथों, पुराणों और ऐतिहासिक पुस्तकों में इसका उल्लेख मिलता है। आज आधुनिक समय में भी यह चिकित्सा पद्धति अपनी सरलता, प्रभावशीलता और बिना दुष्प्रभाव के उपचार के कारण लोगों में तेज़ी से लोकप्रिय हो रही है। आयुष पॉलिक्लिनिक, ने अल्प समय में ही अपनी उपलब्धियों और सेवाओं से एक मिसाल कायम की है यहाँ आने वाले हर मरीज को न केवल उपचार मिलता है, बल्कि नया विश्वास, नई आशा और स्वस्थ जीवन की राह भी मिलती है।