
बस्तर. बस्तर जिले के लोहंडीगुड़ा ब्लॉक में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण सरगीगुड़ा गांव के पास बड़ा भूस्खलन हुआ। बुधवार को हुई इस घटना में सरगीगुड़ा पहाड़ का लगभग 500 मीटर ऊंचा हिस्सा बहकर समतल हो गया।
*बड़ा हादसा टला*
ग्रामीणों के अनुसार, पहाड़ टूटकर बड़े-बड़े पत्थर नीचे गिरने लगे, लेकिन गांव की आबादी लगभग 300 मीटर दूर होने से किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई। घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।
*प्रारंभिक सर्वे में हुआ खुलासा*
प्रारंभिक सर्वे में पता चला कि लगभग 5 एकड़ क्षेत्रफल में फैला यह पहाड़ पूरी तरह समतल हो गया है। बास्तानार में भी भूस्खलन की घटना दर्ज हुई, जिससे कुछ समय तक आवागमन बाधित रहा। हालांकि, कोई जनहानि नहीं हुई।
*विशेषज्ञों की राय*
विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार भारी बारिश से पहाड़ियों की मिट्टी और चट्टानें ढीली होकर नीचे खिसक रही हैं, जिससे यह स्थिति उत्पन्न हुई। स्थानीय लोगों ने बताया कि उन्होंने पहले कभी इतनी तेज बारिश नहीं देखी थी।
*वन विभाग की सतर्कता अपील*
चित्रकोट उप वन मंडलाधिकारी योगेश कुमार रात्रे ने पर्यटकों और ग्रामीणों से अपील की है कि बरसात के दौरान पहाड़ी इलाकों में यात्रा करते समय सतर्कता बरतें। उन्होंने कहा कि लगातार हो रही बारिश के चलते भूस्खलन की घटनाएं बढ़ रही हैं, इसलिए सुरक्षा नियमों का पालन करें।
*मौसम अपडेट*
मौसम विभाग के अनुसार, बस्तर में मानसून का असर बरकरार है। शुक्रवार को जिले में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, जबकि तापमान 24°C से 30°C के बीच रहा। शनिवार को दोपहर से शाम तक भारी बारिश की संभावना जताई गई है।