
कोरबा। एसईसीएल कोरबा पूर्व केंद्रीय कर्मशाला में कल एसईसीएल के सीएमडी का आगमन हुआ था। वे एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आए हुए थे। इस दौरान यूनियन प्रतिनिधियों ने उनसे जाकर मुलाकात की और उन्हें बताया कि यहां किसी समय में 2000 से अधिक कामगार काम करते थे। कोई काम की कमी यहां पर नहीं थी। लेकिन वर्तमान में मैन पावर काफी कम हो गया है और उसके हिसाब से काम भी नहीं है। सीएमडी से मिलने गए दिलीप सिंह, राजेश पांडेय, संतोष टंडन, भागवत साहू व राजेंद्र यादव ने कहा कि दो-तीन महीने से संडे ड्यूटी भी नहीं मिल रहा है। यहां के कामगार हर कार्य को करना चाहते हैं। सीएमडी ने आश्वासन दिया कि कोरबा के केंद्रीय कर्मशाला के गौरवशाली इतिहास को पुन: दोहराया जाएगा और मटेरियल भेजे जाएंगे। यहां पर किसी भी काम की कमी नहीं होगी। इसके अलावा उन्होंने संडे ड्यूटी के मामले को भी काफी गंभीरता से लिया है और कहा है कि आने वाले दिनों में काम के साथ-साथ संडे ड्यूटी भी मिलेगा।





















