जनऔषधि केन्द्र से सस्ती दवाएं नहीं मिल पा रही हैं आम लोगों को

जांजगीर। नैला रेलवे स्टेशन पर स्थापित प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्र पिछले कई दिनों से बंद है, जिसके कारण जरूरतमंद यात्रियों को इसकी पर्याप्त सुविधा नहीं मिल पा रही है। लोगों को सस्ती और अच्छी दवाइयां उपलब्ध कराने के उद्देश्य से इस केंद्र का शुभारंभ पीएम मोदी ने वर्चुअल माध्यम से 12 मार्च 2024 को किया था। हालांकि, यह जन औषधि केंद्र केवल कुछ दिनों तक ही खुला रहा और जिस सुविधा का वादा किया गया था, वह लोगों को नहीं मिल पाई।
यह केंद्र केवल कागजों तक ही सीमित रह गया है, क्योंकि न तो यह समय से खुलता है और न ही यहां सभी प्रकार की दवाइयां उपलब्ध होती हैं। यह अक्सर बंद रहता है, जिससे जरूरतमंदों को दवा नहीं मिल पाती है। इसके कारण लोगों को दूर-दूर भटकना पड़ता है और वे सस्ती दवा की जगह महंगी दवाएं लेने के लिए मजबूर हो रहे हैं।
जन औषधि केंद्र में मिलने वाली दवाएं मेडिकल स्टोर में मिलने वाली मेडिसिन की तुलना में 60त्न तक कम रेट पर मिलती हैं, लेकिन बंद होने के कारण लोगों को इस बड़ी सुविधा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। यात्री स्टेशन पर स्थित इस केंद्र से सस्ती दवाएं लेने की उम्मीद करते हैं, लेकिन कई दिनों से केंद्र बंद होने के कारण उन्हें निराशा हाथ लग रही है। नगर के बीटीआई चौक से लेकर चांपा रोड तक सडक़ का चौड़ीकरण किया गया है, लेकिन दुकान, मॉल व अस्पतालों के पास लोग सडक़ पर ही वाहन पार्क कर रहे हैं, जिसके कारण जाम की स्थिति बनी रहती है। शाम होते ही वाहनों का दबाव बढ़ जाता है और हादसे की संभावना बनी रहती है। -अमित सिंह शहर के मार्गों पर इन दिनों मवेशियों का जमावड़ा लोगों के लिए बड़ी परेशानी का सबब बन गया है। सुबह से लेकर देर रात तक मुख्य मार्गों पर झुंड के रूप में बैठे रहने से यातायात व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ गई है। मवेशियों के कारण आए दिन वाहन चालकों को रुकना पड़ता है, जिससे जाम की स्थिति बन जाती है। कई बार इन आवारा पशुओं के अचानक सडक़ पर आ जाने से दुर्घटनाओं की संभावना भी बढ़ जाती है।
– प्रिंस श्रीवास
सडक़ पर मवेशी, आवाजाही में हो रही परेशानी
शहर के नेताजी चौक से होकर नैला रेलवे स्टेशन जाने वाली सडक़ की हालत इन दिनों बेहद खराब हो चुकी है। सडक़ में कई जगह गड्ढे हो गए हैं। यह स्टेशन जाने वाला मुख्य मार्ग है, जिससे रोजाना बड़ी संख्या में लोग गुजरते हैं। खराब सडक़ के कारण लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
– महेंद्र साहू

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