
अमेरिका, ३० दिसम्बर ।
जेफरी एपस्टीन फाइल्स की चर्चा इन दिनों जोरों पर है। अमेरिका ने पारदर्शिता की बात करते हुए इससे जुड़ी फाइल्स जारी कीं। इन खुलासों के बाद ऐसी कहानी धीरे-धीरे सामने आने लगी जिसे वॉशिंगटन ने कभी पूरा नहीं बताया था। एजेंसियों ने माना कि वे अभी भी और मटेरियल खोज रही हैं। डॉक्यूमेंट्स जारी किए गए और साथ ही यह भी साफ किया गया कि जारी की गई कुछ बातें सच नहीं थीं। जो तस्वीरें जारी की गईं उनमें ज्यादातर लोगों के चेहरों को छिपा दिया गया।धीरे-धीरे यह साफ हो गया कि यह अब सिर्फ एपस्टीन के बारे में नहीं था या सिर्फ सेक्स ट्रैफिकिंग के बारे में भी नहीं था। यह उस बारे में था कि एपस्टीन की काली दुनिया इतने समय तक सबके सामने चलती रही और कितने नामचीन लोग और बड़ी संस्थाएं भी उसके सामने झुक गईं। जैसे-जैसे और नाम सामने आए यह स्कैंडल और बड़ा होता गया। इसलिए नहीं कि फाइलों से जवाब मिले, बल्कि इसलिए क्योंकि उनसे पता चला कि इसमें शामिल कितने लोग बच निकले थे।एक समय ऐसा भी आया जब लग रहा था कि ट्रंप आखिरकार एपस्टीन के मामले को पीछे छोड़ देंगे। हालांकि उन्होंने एपस्टीन फाइल्स को जारी करने का फैसला तो किया लेकिन दस्तावेजों का ऐसा सिलसिला चला जो इतना अजीब था कि एफबीआई को भी सार्वजनिक रूप से कहना पड़ा कि इनमें से कुछ नकली हैं। इतना ही नहीं ष्ठह्रछ्व ने उन्हें काली पट्टी लगाकर रिलीज किया।जो फाइलें रिलीज की गईं वह साफ सुथरी नहीं थीं। इससे लोगों को लगने लगा कि अब पक्के सबूत कभी सामने नहीं आएंगे। लोगों को पता चल गया कि जो पावरफुल लोग होते हैं वह असल में कैसे काम करते हैं।
जस्टिस डिपार्टमेंट ने लाखों पेज जारी किए हैं, लेकिन इतना कुछ ब्लैक आउट किया गया है कि पीडि़त इस कांट-छांट को हजम नहीं कर पा रहे हैं। मानो लग रहा हो कि एक सिस्टम अभी भी ताकतवर लोगों की रक्षा कर रहा है, भले ही वह कबूल करने का नाटक कर रहा हो। एपस्टीन फाइल्स की जो तस्वीरें जारी की गईं उनमें नामचीन लोग- डोनल्ड ट्रंप, बिल क्लिंटन, माइकल जैक्सन, बिल गेट्स जैसे नाम शामिल हैं। इन फोटो में ये लोग लड़कियों के साथ नजर आ रहे लेकिन लड़कियों की तस्वीर को ब्लैक किया हुआ है। इस तरह से 2025 में जो एपस्टीन फाइल्स जारी की गई दो दर्शाता है कि इसमें कितनी मशहूर हस्तियां शामिल रहीं।


















