
सक्ती। धान खरीदी के कार्य में लापरवाही बरतने पर पटवारी को निलंबित कर दियो गया है। पटवारी को सकर्रा एवं सोनादुला का नोडल अधिकारी बनाया गया था।
समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की मानिटरिंग के लिए उपार्जन केन्द्रों में नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए है। जिला प्रशासन सक्ती द्वारा अनुविभाग मालखरौदा अंतर्गत समिति सकर्रा एवं सोनादुला में नोडल अधिकारी के रूप में हल्का पटवारी शेरसिंह राठिया को नियुक्त किया गया था। जिला प्रशासन की समीक्षा एवं जांच में यह तथ्य सामने आया कि संबंधित कर्मचारी ने न केवल भौतिक सत्यापन में लापरवाही बरती, बल्कि धान खरीदी से जुड़े टोकन सत्यापन में गंभीर अनियमितताएं बरतीं। जिला प्रशासन ने इस आचरण को स्वेच्छाचारिता,कर्तव्यहीनता एवं शासन के निर्देशों की उपेक्षा पाए जाने पर इसे छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के उप नियम 3 के अंतर्गत कदाचार माना है। फलस्वरूप, छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के उप नियम 9 के तहत शेरसिंह राठिया को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय तहसील अड़भार नियत किया गया है तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता की पात्रता होगी। कलेक्टर अमृत विकास तोपनो ने कहा है कि किसानों से जुड़े संवेदनशील कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही, भ्रष्ट आचरण या प्रशासनिक शिथिलता पाए जाने पर कठोरतम दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि अब धान खरीदी का अंतिम दौर चल रहा है। ऐसे में उपार्जन केन्द्रों में गड़बड़ी की संभावनाएं भी बढ़ गई है। कोचिएं और बिचौलियों का धान खपने से रोकने प्रशासन ने सभी को एलर्ट कर रखा है। ऐसे समय में नोडल अधिकारी द्वारा बरती गई लापरवाही पर कार्रवाई की गई है।














