
नई दिल्ली। ईडी ने बुधवार को बताया कि उसने चंडीगढ़ स्थित पीएसीएल (पर्ल ग्रुप) के खिलाफ मनी लांड्रिंग जांच के तहत दस हजार करोड़ रुपये से ज्यादा मूल्य की 247 अचल संपत्तियों को कुर्क करने का आदेश जारी किया है। यह अब तक का सबसे बड़ा एकल कुर्की आदेश है। इस ग्रुप पर 48 हजार करोड़ रुपये की पोंजी योजना को अंजाम देने का आरोप है।
ईडी के बयान के अनुसार, धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत अस्थायी रूप से जब्त की गईं संपत्तियां पंजाब के एसएएस नगर (मोहाली), रूपनगर और जीरकपुर में स्थित हैं। कुर्क की गईं 247 संपत्तियों की पहचान निवेशकों के धन से अधिग्रहित संपत्तियों के रूप में की गई है, जो अपराध की आय का हिस्सा हैं। इनका मूल्य 10,021.46 करोड़ रुपये आंका गया है। ईडी के अधिकारियों ने बताया कि संपत्ति के मूल्य और संख्या के हिसाब से यह संभवत: एजेंसी की तरफ से जारी किया गया अब तक का सबसे बड़ा एकल कुर्की आदेश है। ईडी की जांच फरवरी, 2014 में सीबीआइ द्वारा पीएसीएल लिमिटेड, उसके दिवंगत प्रवर्तक निर्मल भंगू और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ दर्ज किए गए मामले से संबंधित है।
विंजो मामले में 500 करोड़ के बैंक डिपाजिट अटैचईडी ने बुधवार को कहा कि उसने रियल-मनी आनलाइन गेमिंग एप विंजो और उसके प्रमोटर्स के खिलाफ मनी लां¨ड्रग जांच के तहत अमेरिका और सिंगापुर के बैंक खातों में 500 करोड़ रुपये से ज्यादा के डिपाजिट को अटैच किया है।























