
कोरबा। लोक पर्वों के पीछे एक अवधारणा होती है और एक सार्थक संदेश भी, इसलिए इसकी गरिमा का पूरा ख्याल रखना हर किसी की नैतिक जिम्मेदारी है। यह कहना है पत्रकार सुरक्षा समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद वर्मा का। उन्होंने राष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य में समस्त पत्रकारों और नागरिकों को होली की शुभकामना दी और कहा कि अतीत के घटनाक्रम होलिका दहन और रंगोत्सव को विशेष बनाते हैं। किसी के लिए बुरा सोचने पर होलिका का खुद अंत हो गया और भक्त प्रहलाद देवी की कृपा से सुरक्षित रह गए। होलिका दहन के माध्यम से यह संदेश जाता है कि किसी भी कारण से हम दूसरों का बुरा चाहने के बजाय कल्याण का विचार करें। रंग-गुलाल की परंपरा यह दर्शाती है कि संसार में जो कुछ भी अच्छा है उसके प्रति हमारी दृष्टि अच्छी होनी चाहिए। विनोद वर्मा ने कहा कि जब लोगों की दृष्टि समग्र रूप से अच्छी होगी तो वे सकारात्मक होंगे और निश्चित तौर पर अपने क्षेत्र, प्रदेश, देश और समाज के लिए अनुकूलता की स्थिति बनाएंगे।















