
कोरबा। डी-लिस्टिंग की मांग को लेकर जनजाति सुरक्षा मंच के बैनर तले वनवासी कल्याण आश्रम कोरबा में एक कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम में जनजातीय समाज के लोगों ने अपनी बात रखते हुए कहा कि अनुसूचित जनजाति (एसटी) का आरक्षण लाभ केवल उन लोगों को मिलना चाहिए जो अपनी पारंपरिक आदिवासी संस्कृति, रीति-रिवाज और परंपराओं का पालन करते हैं। इस मुद्दे को लेकर दिल्ली में आंदोलन की तैयारी है।
जनजाति सुरक्षा मंच द्वारा जिला के बाद अब ब्लाक स्तर पर बैठक आयोजित कि जाएगी और अधिक से अधिक समाज के लोगो को जागरूक कर जोड़ा जायेगा लोगो के सामने बाते रखी जाएंगी कि किस तरह समाज के लोगो द्वारा अपनी संस्कृति छोडक़र धर्म परिवर्तन करके आरक्षण का लाभ लिया जा रहा, उन्हें अनुसूचित जनजाति की सूची से बाहर किया जाना चाहिए। इसी मांग को डी-लिस्टिंग कहा जा रहा है। कार्यक्रम में मध्य क्षेत्र सह संगठन मंत्री श्री बीरबल सिंह, जनजाति सुरक्षा मंच के प्रांतीय सहसंयोजक इंदर भगत, जिला संयोजक पुष्पराज सिंह ठाकुर, वनवासी कल्याण आश्रम कोरबा के जिलाध्यक्ष रघुराज सिंह उइके और एसटी मोर्चा के जिलाध्यक्ष कुल सिंह कंवर, आदिवासी नेता वीरेंद्र मरकाम सहित कई जनजातीय समाज के लोग उपस्थित रहे।























