बांकीमोंगरा। ग्राम्य भारती शिशु मंदिर और उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बांकीमोंगरा में मातृ पितृ पूजन दिवस शुक्रवार को आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय की प्राचार्य और शिक्षा समिति के सचिव जितेंद्र सिंह ने विद्या की देवी सरस्वती एवं भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलित कर किया। विद्यार्थियों ने सरस्वती वंदना करने के साथ विश्व बंधुत्व की भावना से गीत का प्रस्तुतीकरण किया। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों ने अपने पालकों के चरण प्रक्षालन कर उनकी पूजा की और अपने जीवन को उद्देश्य पूर्ण बनाने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम की अवधारणा पर प्राचार्य ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि भारत की सनातन परंपरा में सबसे ऊंचा स्थान माता-पिता का है क्योंकि व्यक्ति का अस्तित्व उनके द्वारा दी गई शिक्षा और संस्कारों से तय होता है। उन्होंने आज के दिवस की प्रासंगिकता पर भी अपने विचार रखें और कहा कि हमें पूरब की संस्कृति को आत्मसात करने के लिए गंभीरता दिखानी जरूरी है। शिक्षा समिति के सचिव जितेंद्र सिंह ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने बताया कि सरस्वती शिक्षा संस्थान के द्वारा संचालित संस्थाओं में ना केवल अकादमी शिक्षा दी जा रही है बल्कि संस्कारों की मजबूती पर भी बल देने का काम जारी है। इसी कड़ी में नैतिक शिक्षा पर आधारित कार्यक्रम समय-समय पर किए जा रहे हैं। विद्यार्थियों की ओर से सांस्कृतिक कार्यक्रम भी इस अवसर पर प्रस्तुत किए गए। काफी संख्या में विद्यार्थियों के पालक और अभिभावक उपस्थिति कार्यक्रम में रही।