
20837 क्यूसेक पानी छोड़ा हसदेव नदी में
कोरबा। आषाढ़ महीने से शुरू हुई बारिश में सावन और भादो में भी कोरबा जिले पर मेहरबानी जारी रखी। अश्विन महीने तक यह दौर जारी है। पड़ोसी जिलों में हो रही बारिश से हसदेव और उसकी सहायक नदियों से भरपूर पानी आने के कारण कोरबा जिले में हसदेव बांगो बांध परियोजना का जलस्तर फिर से बढ़ रहा है। इससे पहले की बंद के छलकने की स्थिति निर्मित हो सिंचाई विभाग ने तीन गेटों को खोल दिया है।
कोरबा के साथ जांजगीर-चंपा और शक्ति जिले की विभिन्न आवश्यकताओं की पूर्ति परियोजना कर रही है। इनमें नागरिकों को जलापूर्ति के साथ-साथ खेतों को सिंचाई और उद्योगों को पानी दिया जा रहा है । सितंबर महीने में बारिश का क्रम विभिन्न क्षेत्रों में बना हुआ है और बरसाती पानी ने हसदेव के साथ इसकी परियोजना को दबाव में ला दिया है । मिनींमाता हसदेव बांगो बांध परियोजना के कार्यपालन अभियंता धर्मेंद्र नीखरा ने बताया कि पानी के अत्यधिक प्रवाह को दृष्टिगत रखते हुए 16 सितम्बरकी सुबह 9.10 बजे गेट संख्या 4 को 0.25 मीटर, गेट संख्या 6 को 0.50 मीटर सुर गेट संख्या 8 को 0.25 मीटर खोला गया। किन्तु इसके बाद भी बांध का जलस्तर 358.29 मीटर पर स्थिर है। इसलिए जलस्तर को नियंत्रण कर कम करने हेतु सुबह 9.40 बजे गेट संख्या 4 को 0.50 मीटर, गेट संख्या 6 को 1.00 मीटर एवं गेट संख्या 8 को 0.50 मीटर आवश्यकतानुसार ओपन किया गया है।
परियोजना के कार्यपालन अभियंता ने बताया कि अभी गेट संख्या 4 – 0.50 मीटर, गेट संख्या 6 – 1.00 मीटर एवं गेट संख्या 8 – 0.50 मीटर खुला है। सभी गेटों से कुल 11837 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है और पॉवर प्लांट हाइड्रेल के द्वारा 9,000 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इस प्रकार बांध से कुल 20837 क्यूसेक पानी हसदेव नदी में छोड़ा जा रहा है। संभावना जताई जा रही है कि बारिश की स्थिति और परियोजना के जलस्तर में बढ़ोतरी होने पर प्रवाहित जल की मात्रा बढ़ाई जा सकती है।
दूसरी और प्रशासन के द्वारा येलो अलर्ट को ध्यान में रखते हुए आसपास के क्षेत्र में मुनादी कराई गई है और लोगों को सतर्क किया गया है। इसी क्रम में नदी के तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सावधान करते हुए कहा गया है कि वर्तमान में नदी और नहर में पानी की मात्रा का प्रवाह ज्यादा है इसलिए वहां उतरने से बचे।
बैराज से 5 हजार क्यूसेक पानी कैनाल में
बांगो बांध परियोजना से नदी में 20840 क्यूसेक पानी प्रवाहित करने पर दर्री स्थित बैराज पर किस तरह की स्थिति बन रही है। इसके जवाब में बैराज के अधिकारी ने बताया कि 5000 क्यूसेक पानी यहां से निकलने वाली नहर में रिलीज किया गया है। पानी की अन्य मात्रा को स्थानीय स्तर पर मैनेज कर लिया जाएगा। अगले निर्णय शाम तक प्रतीक्षा करने के बाद लिए जाएंगे।





















