
नई दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर ”तमिल लोगों की आवाज को दबाने” का आरोप लगाने की कड़ी आलोचना करते हुए भाजपा ने उनके इस बयान को ”बेहद शर्मनाक और निराधार” बताया है। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता गुरु प्रकाश पासवान ने कांग्रेस सांसद को भारतीय राजनीति में अलगाववाद का ”उपयुक्त उदाहरण” बताया और उनसे क्षेत्र, भाषा एवं जाति के नाम पर विभाजनकारी राजनीति में लिप्त होने से बचने का आग्रह किया।
यह प्रतिक्रिया राहुल के उस आरोप के एक दिन बाद आई है जिसमें उन्होंने कहा था कि केंद्र सरकार ने अभिनेता से नेता बने विजय की फिल्म ”जना नायकन” को रोकने की कोशिश की। राहुल ने इसे तमिल संस्कृति पर हमला बताया था और कहा था कि प्रधानमंत्री मोदी कभी भी ”तमिल लोगों की आवाज को दबाने” में सफल नहीं होंगे। कांग्रेस नेता पर पलटवार करते हुए गुरु प्रकाश ने यहां एक प्रेस कान्फ्रेंस में कहा कि यह बयान वास्तविकता या तर्क से परे है। राहुल से ”इस तरह की टिप्पणियां करने से परहेज करने” का आग्रह करते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि पिछले 11 वर्षों में प्रधानमंत्री मोदी द्वारा तमिल भाषा, संस्कृति और विरासत के प्रति दिखाई गई संवेदनशीलता अभूतपूर्व है।
















