
नईदिल्ली 19 मार्च। वैश्विक तनाव और भारी बिकवाली के दबाव के चलते सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त गिरावट दर्ज की गई। कारोबार के अंत में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स 1,408.95 अंक (1.79 प्रतिशत) टूटकर 77,509.95 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 भी 422.40 अंकों की गिरावट के साथ 24,028.05 पर आकर थमा। बाजार में आई इस सुनामी के पीछे सबसे बड़ा कारण मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में गहराता युद्ध संकट है, जो पिछले कुछ दिनों में बेहद अस्थिर चरण में पहुंच गया है। इन घटनाक्रमों ने वैश्विक स्थिरता और ऊर्जा आपूर्ति (क्रुड ऑयल) में संभावित व्यवधान को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं, जिसका सीधा असर भारतीय बाजार पर दिख रहा है। बाजार में इस बड़ी गिरावट के कारण सिर्फ एक सत्र में निवेशकों की संपत्ति (मार्केट कैपिटलाइजेशन) में 8 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा की कमी आई है। पश्चिम एशिया (मिडल ईस्ट) में बढ़ते संघर्ष और खराब वैश्विक संकेतों ने निवेशकों के उत्साह पर पानी फेर दिया। इससे दलाल स्ट्रीट पर दिनभर तनाव का माहौल बना रहा। बाजार के जानकारों के मुताबिक विदेशी निवेशकों द्वारा भारतीय शेयरों से लगातार पैसा निकालने और बढ़ते भू-राजनीतिक जोखिमों ने सेंटिमेंट बिगाड़ दिया है।
आज की गिरावट चौतरफा रही, जिसमें बैंकिंग, आईटी और मेटल सेक्टर को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा।
















