
जांजगीर-चांपा। जिला मुख्यालय जांजगीर में रेलवे से संबंधित समस्याओं के विरोध में शुक्रवार को नगर बंद व चक्काजाम कर प्रदर्शन किया गया। विधायक के नेतृत्व में चले आंदोलन को व्यापारी संघ व अन्य वर्गों ने भी समर्थन दिया। नैला रेलवे ओव्हरब्रिज समेत पांच सूत्रीय मांगों को लेकर पूरे 8 घंटे तक मुख्य मार्ग पर चक्काजाम किया गया।
अधिकारियों की ओर से मिले लिखित आश्वासन के बाद आंदोलन समाप्त हुआ। जांजगीर नैला, रेलवे स्टेशन में सुविधाओं के विस्तार के साथ ही नैला फाटक, पर आरओबी निर्माण शुक्रवार 6 मार्च को जिला मुख्यालय में रेलवे के खिलाफ बड़ा प्रदर्शन किया गया। जांजगीर चांपा विधायक ब्यास कश्यप के नेतृत्व में आंदोलन सुबह 6 बजे शुरू हुआ। की स्टेशन रोड पर परशुराम चौक के पास विधायक अपने समर्थकों समेत धरने पर बैठ गए। सडक़ के बीचो बीच बड़ा पंडाल लगाया गया था। इससे स्टेशन मार्ग पूरी तरह से अवरूद्ध हो गया। आंदोलन की सुचना पूर्व में ही जिला प्रशासन और रेलवे प्रशासन को दे दी गई थी, ऐसे में सुबह से ही मौके पर बड़ी संख्या में पुलिस और रेलवे पुलिस की टीम तैनात हो गई थी।
जैसे जैसे दिन चढ़ता गया वैसे वैसे गहमा गहमी भी बढ़ती गई। इधर व्यापारी संगठन ने भी आंदोलन को समर्थन देते हुए नैला रोड में अपनी दुकानें बंद रखी। वहीं अकलतरा विधायक राघवेन्द्र सिंह और जैजैपुर विधायक बालेश्वर साहू ने भी मौके पर पहुंचकर आंदोलन को समर्थन दिया। दोपहर करीब 12 बजे बिलासपुर से रेलवे के अधिकारी जांजगीर पहुंचे। एडीआरएम जे.एस. मीणा, सीनियर डीसीएम अनुराग कुमार , सीपीएम राजीव कुमार समेत जिला प्रशासन के अधिकारियों की मौजूदगी में विधायक ब्यास कश्यप और प्रतिनिधि मंडल के रेलवे स्टेशन के बंद कमरे में करीब दो घंटे तक चर्चा चली। इस दौरान मांगों पर सहमति तो बनी मगर अधिकारियों की ओर से लिखित में नहीं दिए जाने पर नाराज विधायक समेत अन्य लोग आंदोलन स्थल पर पहुंचकर फिर से प्रदर्शन करने लगे। दोपहर करीब ढाई बजे रेलवे और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे और मांगों पर लिखित आश्वासन दिया। इसके बाद आंदोलन समाप्त हुआ।
उल्लेखनीय है कि जांजगीर नैला रेलवे स्टेशन में साउथ बिहार और गोडवाना एक्सप्रेस के ठहराव की मांग लंबे समय से की जा रही है। वहीं नैला रेलवे फाटक में आरओबी की मांग भी बहुप्रतीक्षित है। इसके अलावा नहरिया बाबा मंदिर के पास फुट ओव्हरब्रिज की भी मांग हो रही हैं। इन मांगों को लेकर 7 मई 2025 को विधायक ब्यास कश्यप ने प्रदर्शन किया था, तब रेलवे के अधिकारियों ने सकारात्मक पहल का आश्वासन दिया था, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। यही वजह रही कि शुक्रवार को नगर में चक्काजाम का उग्र आंदोलन किया गया।
रेलवे और जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ हुई चर्चा में काम के लिए समय सीमा भी तय की गई। बेला आरओबी के लिए 15 सितंबर तक प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान करने, नहरिया चाचा मंदिर फुट ओव्हरब्रिज के लिए भू अर्जन प्रक्रिया पूर्ण होने के 12 माह के भीतर कार्य पूर्ण करने मिशन गेट थापा में अंडरब्रिज निर्माण कार्य 18 माह में पूर्ण करने पर सहमति बनी। वहीं जांजगीर नैला स्टेशन में साउथ बिहार और गोडवाना एक्सप्रेस के ठहराव के लिए पुन रेलवे के सक्षम अधिकारी को पत्र भेजने की बात कही गई। इधर कार्यों की प्रगति की संबंध में जिला कार्यालय में प्रति माह समीक्षा की भी बात कही गई।

















