
नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस बात से हैरान हैं कि मध्य एशिया में भारी सैन्य जमावड़े और राजनीतिक दबाव के बावजूद ईरान अब तक समर्पण की मुद्रा में नहीं आया है, न तो वह अपने परमाणु कार्यक्रम को ही रोकने को तैयार है। ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकाफ ने कहा कि राष्ट्रपति निराश नहीं हैं, क्योंकि उनके पास तमाम विकल्प मौजूद हैं। वहीं, पूर्व सीआईए अधिकारी जान किरियाकोऊ ने दावा किया है कि ईरान पर सोमवार या मंगलवार से हमला शुरू हो सकता है।
राष्ट्रपति हताश नहीं हैं, लेकिन…
फाक्स न्यूज के एक कार्यक्रम में विटकाफ ने कहा कि राष्ट्रपति हताश नहीं हैं, लेकिन यह समझना चाहते हैं कि भारी नौसैनिक और सैन्य दबाव के बावजूद तेहरान वार्ता की दिशा में ठोस पहल क्यों नहीं कर रहा। उन्होंने संकेत दिया कि अमेरिका के पास कई विकल्प खुले हैं।
वहीं, एक पाडकास्ट में पूर्व सीआइए अधिकारी किरियाकोऊ ने दावा किया कि ट्रंप ने भले ही ईरान को 10 दिन की समयसीमा दी हो, लेकिन वह इसका पालन शायद ही करें। उन्होंने कहा कि व्हाइट हाउस में उनके एक साथी ने बताया कि हमले की पूरी तैयारी हो चुकी है।





























