
रायगढ़। जिले में बड़ी बहन ने अपनी छोटी बहन को मार डाला। दोनों बहन ग्राम पतरापाली की रहने वाली थी। उनके बीच अक्सर खाना बनाने को लेकर विवाद होता रहता था। घटना वाली रात नेहा महतो (20 साल) ने छोटी बहन को लौकी छीलने और खाना बनाने कहा, मना करने पर खलबट्टे से सिर पर मार दिया।
मामला कोतरा रोड थाना क्षेत्र का है। बहन के चिल्लाने से घर वाले जाग ना जाए, इस डर से नेहा ने खलबट्टे से बार-बार बहन के सिर पर मारा। गंभीर चोट के कारण रंजिता कुमारी की जान चली गई। घटना अप्रैल 2024 की है। कोर्ट ने आरोपी बहन को उम्रकैद की सजा सुनाई है। मृतका रंजिता के परिजनों ने कोतरा रोड थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। रिपोर्ट के मुताबिक, रायगढ़ के जिंदल रोड पतरापाली में रहने वाले दिनदयाल महतो की तीन बेटियां थीं। बड़ी बेटी रेखा की शादी हो चुकी है, जबकि नेहा और रंजिता अपने माता-पिता के साथ ही रहती थीं। आरोपी नेहा कुमारी महतो (20 वर्ष) मृतका रंजिता की बड़ी बहन है। रंजिता घर में सिलाई का काम करती थी, जबकि नेहा घरेलू और रसोई के कामों में हाथ बंटाती थी। घर के कामों को लेकर दोनों बहनों में अक्सर कहासुनी और छोटी-मोटी मारपीट होती रहती थी। नेहा, रंजिता से काम में मदद मांगती थी, लेकिन रंजिता उसका साथ नहीं देती थी, जिससे विवाद बढ़ते जा रहे थे।
गत 24 अप्रैल 2024 की रात करीब 9 बजे, नेहा ने रंजिता से लौकी छीलने और खाना बनाने को कहा, लेकिन रंजिता ने मना कर दिया। इस पर नेहा ने नाराज़ होकर कहा, अगर खाना नहीं बनाएगी, तो खाएगी भी नहीं। इसके बाद नेहा ने खुद खाना बनाकर रख दिया। थोड़ी देर बाद रंजिता ने ताना मारते हुए कहा कि वह खाना खा चुकी है और कमरे में जाकर सो गई। इससे नेहा का गुस्सा और भडक़ गया। उसने अपने पिता को दुकान से शक्कर लाने भेजा और रसोई में रखे लोहे के खलबट्टे से रंजिता के सिर पर जोरदार वार कर दिया।
रंजिता के चिल्लाने पर नेहा को डर हुआ कि मां जाग जाएगी, इसलिए उसने दोबारा वार कर दिया। रंजिता की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद नेहा ने शव को कंबल से ढक दिया, कमरे की लाइट बंद की और वहीं बैठ गई। कुछ देर बाद नेहा ने मां को ड्यूटी के लिए उठाया और दोनों ने साथ में खाना खाया। मां ने पूछा कि रंजिता ने खाना खा लिया क्या, तो नेहा ने जवाब दिया कि वह खाकर सो गई है।
मां के ड्यूटी पर जाने के बाद नेहा रातभर उसी कमरे में मृत बहन के पास बैठी रही। अगली सुबह उसने अपने पिता से कहा कि रंजिता को उठाएं। जब पिता कमरे में पहुंचे तो उन्होंने बेटी को मृत पाया।

































