
जांजगीर। अब सडक़ों, फुटपाथों पर पंडाल या अस्थायी ढांचे बनाने के लिए नगर पालिकाओं से अनुमति लेना अनिवार्य होगा। इसके लिए आवेदक को राजस्व और आपदा, पुलिस, अग्निशमन और बिजली विभाग से एनओसी लेना जरूरी होगा। बिना अनुमति कोई भी पंडाल या ढांचा नहीं बनाया जा सकेगा। नगरीय प्रशासन और विकास विभाग के अवर सचिव अजय तिर्की ने इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत नगर पालिका निगम अधिनियम 1956 की धारा 322 और नगर पालिका अधिनियम 1961 की धारा 223 के तहत सडक़ों पर अड़चन रोकने के प्रावधान लागू होंगे।
अनुमति के लिए नगरपालिका में आवेदन देना होगा। आवेदन पत्र में ढांचे का पूरा विवरण, निर्माण का स्थान और कितने दिन के लिए ढांचा रहेगा, यह जानकारी देना जरूरी होगा। नगर पालिका परिषद ने इसके लिए 7 बिंदुओं में दिशा-निर्देश तय किए हैं।
अब कोई भी व्यक्ति, संस्था, समिति या संगठन खुले मैदान, सडक़, फुटपाथ, चौराहे या किसी भी सार्वजनिक स्थान पर बिना अनुमति पंडाल या अस्थायी ढांचा नहीं लगा सकेगा। इसके लिए तय प्रारूप में आवेदन देना होगा। आवेदन के साथ शपथ पत्र देना अनिवार्य होगा। इसमें आयोजन की तिथि, समय, स्थान, उद्देश्य, नक्शा, सुरक्षा योजना और सफाई व्यवस्था का पूरा विवरण देना जरूरी होगा।
















