लोक संस्कृति के लिए लगातार काम करेगी हसदेव सेवा समिति

कोरबा। नमामि हसदेव सेवा समिति ने सुनिश्चित किया है कि वह लोक संस्कृति के संरक्षण के साथ-साथ नदियों की बेहतरी के लिए काम करती रहेगी। पिछले वर्षों से अमावस्या और पूर्णिमा के साथ-साथ आने मौके पर हसदेव आरती और नदी संरक्षण का काम समिति कर रही है।
समिति की नई कार्यकारिणी के अध्यक्ष चंद्र किशोर श्रीवास्तव सहित रणधीर पांडे, यशवंत मिश्रा, वह अन्य पदाधिकारी ने आज आगामी विषयों को लेकर मीडिया से बातचीत की। उन्होंने बताया कि नदियों को गंगा के समान सम्मान देने की भावना रही है। कई प्रकार के खतरे नदियों के सामने हैं इसलिए हमने इन्हें दूर करने के लिए अपने सरोकार दिखने तय किए हैं। लोगों को अभियान से जोड़ा है। देवउठनी एकादशी और देव दीपावली पर बड़े कार्यक्रम करने के साथ अब प्रत्येक अमावस्या और पूर्णिमा को कोरबा के सर्व मंगला घाट में महा आरती की परंपरा प्रारंभ की गई है जिसमें समय के साथ लोगों की भागीदारी बढ़ी है। बताया गया कि पर्यावरण संरक्षण के लिए नदियों का हर हाल में अच्छा होना आवश्यक है और ऐसा तभी हो सकता है जबकि सभी लोग अपनी जिम्मेदारी को भली भांति समझे। नई कार्यकारिणी ने लगातार नदियों की सुरक्षा के लिए अभियान चलाएं जाते रहे हैं और अलग-अलग स्तर पर जागरूक लोग लोगों को प्रेरित करने में लगे हुए हैं। नमामि हसदेव सेवा समिति चाहती है कि सभी लोग अपने आसपास की नदियों की सेवा और सुरक्षा करेंगे तो इससे कुल मिलाकर जनहित मजबूत होगा।

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