
एक गाय और तीन बकरियों की ली जान
कोरबा। कटघोरा वनमंडल के पोड़ी उपरोड़ा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत कटोरी नगोई के आश्रित ग्राम धोबीबारी में बीते 5-6 दिनों से 50 जंगली हाथियों का उत्पात जारी है। हाथियों के झुंड ने गांव में धावा बोलकर सभी कच्चे मकानों को तहस-नहस कर दिया, जिससे लगभग 10 परिवार बेघर हो गए हैं। पंडों, रजवार, गोंड और धोबी समुदाय के लोग अब मजबूरी में जंगल के पेड़ों के नीचे शरण लेने को विवश हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि पिछले दो सप्ताह से हाथियों की हरकतें मुश्किल में डाल रही है। शाम करीब 4 बजे के आसपास हाथियों का झुंड गांव में प्रवेश कर जाता है और भारी नुकसान पहुंचाता है। 11 फरवरी को हाथियों ने तीन बकरियों और एक गाय को मार डाला। जान बचाने के लिए ग्रामीणों को दूर तक भागना पड़ा, तब कहीं जाकर हाथी गांव से हटे। निवासी सुनील पांडव, जगदेव पांडव और बंधन धोबी ने बताया कि हाथियों के हमले से मवेशियों के साथ-साथ फसलें भी बर्बाद हो चुकी हैं। पीडीएस से मिला राशन भी खत्म हो गया है, जिससे गांव में खाने-पीने का संकट गहरा गया है।
ग्रामीणों ने वन विभाग पर निष्क्रियता का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि विभाग की कार्रवाई से न तो हाथी गांव से हट रहे हैं और न ही लोगों को सुरक्षा मिल पा रही है। पड़ो समाज के मुखिया सुंदर पड़ो ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति और विकराल हो सकती है, जिससे जनहानि की आशंका भी बढ़ जाएगी। गांव में दहशत और आक्रोश का माहौल है। लोग प्रशासन और वन विभाग से तत्काल राहत, मुआवजा और सुरक्षा की मांग कर रहे हैं।






















