
नईदिल्ली २२ नवंबर ।
केरल में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक 16 वर्षीय किशोर कोआईएसआईएस में शामिल होने के लिए उकसाने के आरोप में उसकी मां और सौतेले पिता पर आरोप लगे हैं। पुलिस ने अपनी एफआईआर में किशोर की मां को अपने बेटे को कट्टरपंथी बनाने की कोशिश में सक्रिय भागीदार बताया है।
दरअसल, किशोर की मां ब्रिटेन स्थित एक आईएसआईएस समर्थक के साथ मिलकर काम कर रही थी। रिपोर्ट्स में बताया गया है कि नाबालिग को कथित तौर पर आईएसआईएस के दुष्प्रचार के संपर्क में लाया गया। वहीं, दूसरे धर्मों से नफरत करने की शिक्षा दी गई और आतंकवादी समूह की विचारधारा अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया गया। यूएपीए के अंतर्गत हुई एफआईआर में दो मुख्य आरोपियों के नाम हैं। पहले आरोपी की पहचान अंजार के रूप में हुई है। वहीं, दूसरी आरोपी उसकी मां फिदा मोहम्मद अली है। बताया जा रहा है कि अंजार वर्तमान में यूनाइटेड किंगडम के लीसेस्टर में रह रहा है। जांच कर रहे अधिकारियों ने बताया कि अंसार कथित तौर पर किशोर को अपने लैपटॉप पर आईएसआईएस के हत्या के वीडियो दिखा रहा था। वहीं, आतंकी समूह की विचारधारा को इस्लाम का सबसे बड़ा मार्ग बताते हुए उसके कट्टरपंथी बनाने की कोशिश कर रहा था। वहीं, दूसरी आरोपी लडक़े की मां को बनाया गया है। उसने कथित तौर पर अंजार के साथ मिलकर काम किया। पुलिस सूत्रों का कहना है कि यह अनुमान लगाया जा रहा है कि दोनों व्यक्तियों ने मिलकर नाबालिग को प्रभावित किया, उसका मार्गदर्शन किया और उसे कट्टरपंथी बनाने की कोशिश की। केरल पुलिस का मानना है कि यह मामला एक व्यापक नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक, शुरुआती संकेत में पता चला है कि राज्य के कुछ हिस्सों में इस आतंकवादी समूह से जुड़े कुछ गुप्त तत्व सक्रिय हो सकते हैं। इस पूरे मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने शुरुआती जांच शुरू कर दी है।



























