
जांजगीर-चांपा। जिला मुख्यालय जांजगीर-नैला के दो पाटों में बसा हुआ नगर पालिका परिषद जांजगीर नैला जांजगीर नैला अंतर्गत अंतर्गत नैला के डबरी और तालाबों के अतिक्रमण की संख्या दिन-ब-दिन बढ़ते जा रही हैं और अब यह समस्या गंभीर बन गई हैं । नगरपालिका परिषद और राजस्व विभाग डबरी और तालाबों को सहेजने का काम केवल कागजी कार्रवाई तक ही सीमित हैं।यह समस्या अब समस्या नहीं बल्कि एक आपदा बनकर आ रही हैं । कार्यवाही न होने के चलते अब डबरी और तालाबों के बचे हुए जमीन पर भी अतिक्रमण करने से पीछे नहीं हट रहे हैं। इधर अतिक्रमण की शिकायतें भी राजस्व विभाग तक पहुंच रही हैं । मगर राजस्व विभाग भी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं कर रहा हैं । विडंबना यह हैं कि कई शिकायतों पर कार्रवाई का इंतजार करते एक साल से ज्यादा का समय बीत गया लेकिन कार्रवाई नहीं हुईं हैं । जिसका नतीजा यह हो रहा हैं कि आज अतिक्रमण पहले से और बढक़र दोगुना हो गया है और तालाब का अस्तित्व सिमटता जा रहा हैं। नगरपालिका हर बार परिषद की बैठकों में तालाबों के सौंदर्याकरण को लेकर बड़े-बड़े बातें करता हैं , लेकिन धरातल पर यह योजना आज तक नहीं उतर पाई ।
गत 17 दिसंबर को हुई परिषद की सामान्य सभा की बैठक में शासकीय भूमि पर अतिक्रमण हो रहा हैं तो इस पर जल्द से जल्द कार्रवाई करेंगे। शहर के वार्ड क्रमांक 3 में नया तालाब, वार्ड क्रमांक 4 में जुन्ना तालाब, वार्ड क्रमांक 5 स्थित राम प्रसाद तालाब, वार्ड क्रमांक 10 स्थित डनडनिया डबरी में अतिक्रमण किए जाने की शिकायत कई बार होने के बावजूद भी अतिक्रमण नहीं हटाया गया । शिकायतकर्ताओं ने जिला प्रशासन को अवगत कराया था कि तालाबो को अवैध रूप से पाटकर अवैध कब्जा किया जा रहा है । इससे डबरी एवं तालाब दिनोंदिन सिमटता जा रहा है। लेकिन विडंबना हैं कि इस शिकायत पर आज तक कोई कार्रवाई नहीं हुआ। जिसका नतीजा यह है कि डबरी एवं तालाब के चारों ओर अतिक्रमण और बढ़ता जा रहा है। शहर के तालाबों के सौंदर्गीकरण को एजेंडा बनाकर परिषद के सामने रख दिया। जिनमें वार्ड क्र. 16 दर्री डबरी तालाब, वार्ड क्रमांक 21 खडफ़ड़ी तालाब, वार्ड क्रमांक 13 डुमरिहा तालाब, वार्ड क्रमांक 03 नया तालाब, वार्ड क्रमांक 04 जूना तालाब, वार्ड क्रमांक 5 राम प्रसाद तालाब ,वार्ड क्रमांक 11 हनुमान तालाब , वार्ड क्रमांक 12 घोड़तल्ला तालाब, वार्ड क्रमांक 15 गेड़ी डबरी, अमरिहा तालाब का सौंदर्याकरण करना शामिल किया गया था । यह प्रस्ताव भी पारित हो गया, लेकिन इस पर अमल कितना होगा, यह आने वाला वक्त ही बतायेगा ।
























