कर्कश हॉर्न, तीन सवारी वाले मामलों में पुलिस की सख्ती, तेज किया अभियान

कोरबा। पुलिस ने दुपहिया चालकों को सतर्क किया है कि उन्हें ट्रिपल राइडिंग के साथ-साथ मॉडिफाई साइलेंसर और इसके जरिए निकल जाने वाली कर्कश ध्वनि से बचना होगा। उनकी अवांछित हरकतें बर्दाश्त नहीं की जाएंगे और बेहतर सबक सिखाया जाएगा।
पुलिस के द्वारा ऐसे मामलों में पहले भी कार्रवाई की जाती रही है और गणेश उत्सव सीजन को सामने रखते हुए कार्रवाई को और सख्त कर दिया गया है। कोरबा जिले के शहरी के साथ-साथ सभी क्षेत्रों में इस प्रकार के अभियान पर गंभीरता दिखाई जा रही है। कारण बताया जा रहा है कि विभिन्न क्षेत्रों से लगातार ऐसी शिकायतें आ रही है कि ट्रिपल राइडिंग के साथ कानों को मुश्किल देने वाली आवाज में बढ़ोतरी हो रही है और यह जन स्वास्थ्य के लिए अच्छा नहीं है। हाल में ही पुलिस ने ऐसे अनेक मामलों में कार्रवाई की और दोषियों को सबक दिया। पुलिस अधिकारी ने बताया कि ट्रैफिक पुलिस को इसके लिए बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही थाना और चौकी स्तर पर भी प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। सभी प्रभारी को कहा गया है कि सडक़ हादसों को रोकना उनकी प्राथमिकता होना चाहिए और ऐसी स्थिति में जो भी बाइक चालक लापरवाही का प्रदर्शन करता नजर आए उसे पर किसी भी तरह से ढिलाई नहीं करना है। इसके अलावा किसी भी स्तर से आने वाली एप्रोच को अवॉइड करना है। पुलिस की ओर से कहा गया कि त्यौहार का सीजन हमारे सामने है और ऐसे में परिस्थितियों को हर हाल में बेहतर बनाना है। भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में अराजकता के हालात उत्पन्न ना हो, इसलिए गुंडा बदमाशों की क्लास लगाने के साथ उन्हें आवश्यक नसीहत दे दी गई है। कहां गया है कि अगर वह नहीं सुधारते हैं तो फिर उन्हें सुधारने के लिए पूरे विकल्प मौजूद हैं। बताया गया कि गणेश उत्सव से शुरू हुआ पुलिस का यह अभियान दीपावली के बाद तक सतत रूप से चलता रहेगा।
22.91 लाख का शुल्क मिला, मृत्यु दर में कमी
पुलिस ने बताया कि ओवर स्पीड के 2291 मामलों में कार्रवाई करने के साथ 22.91 लाख का समन शुल्क ट्रैफिक पुलिस ने वसूल किया। 185 एमवी एक्ट के 1330 मामले कोर्ट में पेश किए गए। इनमें चालकों से 1 लाख 33 हजार का शुल्क जमा कराया गया। सडक़ सुरक्षा जागरूकता अभियान से वर्ष 2025 में सडक़ हादसों में होने वाली मृत्यु दर में 6.4 फीसदी की कमी आई है। स्कूल, कॉलेज में छात्रों को यातायात नियम का पालन करने, ओवरटेक न करने और नशे की स्थिति में गाड़ी नहीं चलाने की सलाह दी गई।

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