
दिल्ली। देश के विभिन्न राज्यों में 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित परेड और कार्यक्रमों में राज्यपालों, मुख्यमंत्रियों और पार्टी इकाई के प्रमुखों ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और संवैधानिक मूल्यों को बनाए रखने का आह्वान किया। इन कार्यक्रमों में राज्य सरकारों की उपलब्धियों को उजागर किया गया, जबकि कुछ नेताओं ने केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के शासन में संवैधानिक संस्थाएं गंभीर खतरे में हैं।
सीएम योगी ने दी बधाई
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए एक्स पर लिखा- ‘ हम सभी का राष्ट्रप्रेम, कर्तव्यनिष्ठा और विकास के प्रति समर्पण हमारे लोकतंत्र को सशक्त बनाता है। आइए, अपने अमर सेनानियों को स्मरण करते हुए संविधान के आदर्शों से प्रेरित होकर एक सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण हेतु संकल्पित हों। जय हिंद।’
योगी ने प्रदेश के युवाओं से विशेष रूप से आह्वान किया कि वे संविधान के आदर्शों को आत्मसात करते हुए नए उत्तर प्रदेश के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं।
क्या बोले पंजाब के सीएम?
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि राज्य को आज भी अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। उन्होंने मनरेगा और लंबित ग्रामीण विकास निधि को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। होशियारपुर में गणतंत्र दिवस के अवसर पर तिरंगा फहराने के बाद आयोजित कार्यक्रम में मान ने कहा कि उनकी सरकार चंडीगढ़ को सिर्फ पंजाब की राजधानी बनाने के लिए हरसंभव प्रयास करेगी। मान ने कहा कि पंजाब देश का अन्नदाता कहा जाता है। देश की प्रगति के लिए हमने अपने प्राकृतिक संसाधनों की कीमत चुकाई। हमारा भूजल स्तर गिरा और हमारी नदियों का पानी भी प्रदूषित हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकतम बलिदान देने के बावजूद पंजाब के साथ लगातार अन्याय और मनमानी की गई है।
























