
कोरबा। शिप्रा सस्टेनेबल डेवलपमेंट फाउंडेशन ने कोरबा जिले में अपने निरंतर स्वास्थ्य जागरूकता एवं सेवा अभियान के अंतर्गत एक व्यापक स्वास्थ्य पखवाड़ा सफलतापूर्वक आयोजित किया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता बढ़ाना तथा जरूरतमंदों को नि:शुल्क चिकित्सा परामर्श एवं जांच सुविधाएँ उपलब्ध कराना था। लोगों का ब्लड प्रेशर (बीपी) एवं ब्लड शुगर की जांच की गई। उच्च रक्तचाप (हाइपरटेंशन), सडक़ सुरक्षा तथा परिवार नियोजन के महत्व पर विस्तृत जानकारी एवं जागरूकता प्रदान की गई। चश्मा घर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित नेत्र जांच शिविर में सैकड़ों लोगों की आँखों की जांच की गई तथा जरूरतमंद व्यक्तियों को मुफ्त चश्मे वितरित किए गए। सर्दी-खाँसी एवं अन्य सामान्य बीमारियों की जांच की गई। जरूरतमंद मरीजों को नि:शुल्क दवाइयाँ उपलब्ध कराई गईं। स्वास्थ्य संबंधी सूचना, शिक्षा एवं संचार सामग्री का व्यापक वितरण किया गया, जिससे लोगों में रोग निवारण एवं स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ी। इन सभी गतिविधियों से 500 से अधिक पुरुषों एवं महिलाओं ने सीधे लाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम पूर्णत: समर्पित स्वयंसेवकों के अथक सहयोग से सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
यह स्वास्थ्य अभियान बेल्जियम के उन सम्मानित शिक्षकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं के सदस्यों की स्मृति में समर्पित किया गया।जिन्होंने जीवन भर समाज सेवा एवं मानव कल्याण के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया। फाउंडेशन उनकी प्रेरणा से प्रेरित होकर ग्रामीण भारत में स्वास्थ्य एवं सशक्तिकरण के क्षेत्र में निरंतर कार्यरत है। शिप्रा सस्टेनेबल डेवलपमेंट फाउंडेशन के इस प्रयास से कोरबा जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच बढ़ी है तथा समुदाय स्तर पर सकारात्मक बदलाव की शुरुआत हुई है। फाउंडेशन भविष्य में भी ऐसे अभियानों को जारी रखने का संकल्प लेता है।



















