
चार आरोपी गिरफ्तार, कुछ महीने खरीदी गई कार और हथियार जब्त
कोरबा। मिर्जा मुस्ताक अहमद सहित चार आरोपियों को अक्षय गर्ग हत्याकांड में पुलिस ने गिरफ्तार किया है। हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी, चाकू सहित उस कार को जब्त किया गया है जिसके जरिए आरोपी केशलपुर पहुंचे थे फिर इस कांड को अंजाम दिया। पूरे मामले में राजनीतिक विद्वेष का कनेक्शन सामने आया है। पुलिस कुछ घंटे बाद इसकी पृष्ठभूमि का खुलासा करेगी।
आरोपियों में तीन कोरबी और दो सिंघिया मल्दा के रहने वाले हैं। प्रकरण में मिर्जा मुस्ताक अहमद ने अक्षय गर्ग की हत्या करने के लिए तीन और लोगों का सहयोग लिया और इनकी अहम् भूमिका से आखिरकार 2025 के इस सबसे बड़े दर्दनाक हत्याकांड को परवान चढ़ाया। मंगलवार की सुबह 9 से 10 बजे के बीच केशलपुर गांव में उस जगह घटना को अंजाम दिया गया, जहां अक्षय पीएमजीएसवाय की सडक़ का निरीक्षण करने पहुंचा था। काले रंग की कार से आए आरोपियों ने संभलने का मौका दिए बिना अक्षय की क्रूरतम तरीके से हत्या कर दी। खबर के अनुसार मुस्ताक ने कोरबी निवासी मरकाम से कुछ महीने पहले ही इस कार को खरीदा था और इसका उपयोग अब हत्याकांड में किया।
सुविज्ञ सूत्रों से मिली सूचनाओं में कहा गया कि वर्ष 2025 में संपन्न हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में बिंझरा क्षेत्र से जनपद सदस्य पद से चुनाव पोड़ी उपरोड़ा जनपद के लिए अक्षय गर्ग ने लड़ा था। उसके सामने मिर्जा मुस्ताक अहमद सहित कई प्रतिद्वंदी थे। कामकाज और क्षमता के आधार पर जनपद क्षेत्र के लोगों का समर्थन अक्षय को मिला और बाकी ढेर हो गए। अक्षय के पक्ष में यह नतीजा क्षेत्र की जनता ने दिया था और एक तरह से मुस्ताक को नकार दिया था। चुनाव में मिली करारी पराजय से बौराए इस व्यक्ति ने पिछले कुछ महीनों से हार का बदला लेने के लिए मानसिकता बनाए रखी थी। मंगलवार को हुए हत्याकांड के साथ यह किस्सा पूरा हो गया। जानकारी मिली कि उसने अपने इस खेल में कोरबी और सिंघिया के विश्वजीत ओगरे, गुलशन और एक नाबालिग का सहारा लिया। मंगलवार को ही कटघोरा पुलिस ने इस मामले में मर्ग, पंचनामा के साथ हत्या का प्रकरण दर्ज किया और जांच पड़ताल तेज की।
दोपहर बाद घटना स्थल का जायजा लेने के लिए बिलासपुर आईजी डॉ. संजीव शुक्ला खुद पहुंचे थे। इस दौरान प्रत्यक्षदर्शियों ने उन्हें अहम् जानकारी दी थी। इस आधार पर बहुत कुछ तय हो गया था कि आरोपी कौन हो सकते हैं। कटघोरा टीआई धर्मनारायण तिवारी और उनकी टीम ने इस मामले में जुड़े अधिकारियों ने ने कामकाज तेज किया और आखिरकार आरोपियों की धरपकड़ हुई। मामले में आरोपियों और उनके कारनामों के बारे में विस्तृत जानकारी कटघोरा में आज दोपहर 2 बजे पुलिस अधिकारी देंगे।
अंतिम संस्कार में भारी भीड़, दिखा गुस्सा
आज पूर्वान्ह 11 बजे कटघोरा के मुक्तिधाम में अक्षय गर्ग का अंतिम संस्कार संपन्न हो गया। इससे पहले अंतिम यात्रा उनके निवास से निकाली गई। विभिन्न राजनीतिक दलों के पदाधिकारी, सदस्यों के अलावा विभिन्न समाज के लोग इसमें शामिल हुए। सुरक्षा कारणों से जरूरी व्यवस्था कराई गई। क्योंकि एक दिन पहले भाजपा नेता और जनपद सदस्य अक्षय की हत्या को लेकर लोगों में काफी गुस्सा था और कटघोरा नगर इस वजह से स्वस्फूर्त बंद रहा। मुख्य आरोपी और अन्य के बारे में जानकारी मिलने से कटघोरा नगर में काफी नाराजगी बनी हुई है। इसलिए भी पुलिस ने निगरानी बनाए रखी। अक्षय की हत्या को लेकर पुलिस ने अपराध दर्ज करने के साथ आगे कार्यवाही की बात कही है। वहीं लोगों का कहना है कि घटिया सोच रखने वाले शातिर तत्वों के लिए ठोस इलाज होना ही चाहिए।


















