
नईदिल्ली, १० फरवरी । सीटों के बंटवारे की बातचीत करने के लिए एक-दूसरे के करीब आए भाजपा और राष्ट्रीय लोकदल को मोदी सरकार के एक बड़े निर्णय ने भावनाओं की मजबूत डोर से आखिरकार बांध ही दिया। अपने दादा और देश के पूर्व प्रधानमंत्री चौ. चरण सिंह को भारत रत्न दिए जाने से बेहद भावुक हुए रालोद मुखिया ने गठबंधन की घोषणा की रस्मअदायगी को पीछे छोड़ते हुए पहले तो तीन शब्दों दिल जीत लिया से पूरी कहानी समझा दी।फिर प्रश्न पूछने पर बेबाकी से भाजपा के साथ गठबंधन में जाने का ऐलान भी कर दिया। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश में आइएनडीआइए में बड़ी टूट के साथ विपक्षी रणनीति को एक और करारा झटका लगा है। सरकार की ओर से शुक्रवार को पूर्व प्रधानमंत्री चौ. चरण सिंह, पीवी नरसिंह राव और कृषि विज्ञानी एमएस स्वामीनाथन को भारत रत्न देने की घोषणा की गई। इनमें चौ. चरण सिंह का नाम ऐसा है, जिसने यकायक ही देश और खास तौर पर उत्तर प्रदेश के राजनीतिक समीकरणों को भाजपा के पक्ष में और मजबूत कर दिया। कुछ दिन पहले तक सपा और कांग्रेस के साथ जो जयंत चौधरी भाजपा को हराने के लिए बांहें चढ़ा रहे थे, वह अपने दादा को मिले सर्वोच्च सम्मान से भावुक और गदगद हो गए। पीएम मोदी द्वारा एक्स पर चौ. चरण सिंह को लेकर दिए गए बधाई संदेश पर ही जयंत ने लिखा-दिल जीत लिया! इतना ही नहीं, इसके बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने अपनी भावनाओं को खुलकर प्रकट किया। कहा कि चौ. चरण सिंह को भारत रत्न देने से देश में बहुत बड़ा संदेश गया है। यह भारत की भावना से जुड़ा फैसला है। चौधरी साहब का प्रभाव आज भी कमेरा, किसान और मजदूर वर्ग पर है। उन्होंने बेबाकी से कहा कि जो आज मुख्यधारा में नहीं हैं, उनकी हिम्मत बढ़ाने वाला निर्णय मोदी सरकार ने लिया है।जयंत ने अपने दिवंगत पिता अजित सिंह को भी याद किया और कहा कि प्रधानमंत्री ने अजित सिंह का अधूरा सपना पूरा किया है। कुछ दिनों से भाजपा के साथ चल रही बातचीत, राजग में शामिल होने सहित विपक्ष द्वारा इसे राजनीति से प्रेरित निर्णय बताए जाने के प्रश्न पर जयंत चौधरी ने दो टूक कहा-अब भी कोई कसर रहती है क्या। आज मैं किस मुंह से आपके सवालों से इन्कार करूं। मैं गठबंधन में जा रहा हूं। सीटों के बंटवारे के प्रश्न पर स्पष्ट कर दिया कि कितनी सीटें मिल रही हैं, यह कोई मसला ही नहीं है। यह चौधरी चरण सिंह के निर्णयों और संघर्षों का सम्मान है। कांग्रेस यदि इसे चुनावी निर्णय बता रही है तो मैं बयान की ङ्क्षनदा करता हूं। इस बयान के साथ ही रालोद मुखिया अपने दल के राजग में शामिल होने और भाजपा के साथ मिलकर लोकसभा चुनाव लडऩे के निर्णय पर अंतिम मुहर भी लगा दी।जयंत ने कहा कि चौधरी चरण सिंह के हर अनुयायी का दिल आज पीएम मोदी ने जीत लिया है। पूर्व में भाजपा के विरुद्ध दिए गए बयानों को लेकर कहा कि मैं अपना एक भी पोस्ट डिलीट नहीं करूंगा, क्योंकि मैं परिस्थिति अनुसार अपनी भावनाओं को रखता हूं। अग्निवीर, किसान आंदोलन आदि पर बोले कि भारत सरकार का किसानों के प्रति जो समर्पण भाव है, वह आज साबित किया है। उन्हें हिम्मत दी है कि उनके लिए सिर्फ भाजपा सरकार ही निर्णय ले सकती है। लोकतंत्र में आंदोलन होते रहते हैं। यह सतत प्रक्रिया है। मुद्दे उठते हैं और उनका समाधान होता है।





















